दोनों मामलों में परिवारीजनों ने जताया हत्या का संदेह
मिश्रिख/महमूदाबाद (सीतापुर)। जिले में अलग-अलग स्थानों पर दो किशोरियों के शव संदिग्ध हालात में फांसी के फंदे पर लटकेे मिले हैं। दोनों ही वारदातों में परिवार के सदस्यों ने हत्या का संदेह जताया है। घटनाएं मिश्रिख व महमूदाबाद कोतवाली क्षेत्रों की हैं।
मिश्रिख कोतवाली क्षेत्र के ग्राम भज्जूपुर निवासी कल्लू की पुत्री रूपा देवी (16) गत 13 मई को घर से नित्यक्रिया के लिए निकली थी। जिसके बाद वह लौटकर घर नहीं पहुंची। परिवार के सदस्यों ने काफी खोजबीन की, लेकिन किशोरी का कहीं कोई पता नहीं चला।
इधर शुक्रवार सुबह गांव के कुछ लोग जानवरों को चराने के लिए निकले थे। इसी बीच उन्होंने जयपुर गांव के निकट जंगल में एक पेड़ पर रूपा देवी का शव फांसी के फंदे पर लटका देखा। उसके गले में दुपट्टे का फंदा कसा हुआ था। चेहरा बुरी तरह से झुलसा हुआ प्रतीत हो रहा था।
परिवार के सदस्यों ने बताया कि ऐसा कोई कारण नहीं था, जिसके चलते रूपा को आत्महत्या करने के लिए मजबूर होना पड़े। परिवार के सदस्यों ने इस मामले में हत्या का संदेह जताया है। प्रभारी निरीक्षक अशोक सिंह का कहना है कि परिवार ने हत्या की कोई तहरीर कोतवाली में नहीं दी है।
इधर महमूदाबाद कोतवाली क्षेत्र के ग्राम बाबूपुर निवासी सहजराम की पुत्री रजनी देवी (16) गुरुवार शाम संदिग्ध हालात में लापता हो गई थी। परिवार ने खोजबीन की, लेकिन उसका कहीं कोई पता नहीं चला। उधर, शुक्रवार सुबह गांव के बाहर एक अमरूद के पेड़ पर रजनी का शव फांसी के फंदे पर लटका पाया।
उसके गले में दुपट्टे का फंदा कसा हुआ था। इस मामले को लेकर भी परिवार के सदस्यों ने हत्या का संदेह जताया है। यहां भी परिवार का कहना है कि ऐसा कोई कारण नहीं था, जिसके चलते किशोरी को आत्महत्या करने के लिए मजबूर होना पड़े।
प्रभारी निरीक्षक ज्ञानेंद्र सिंह ने बताया कि घटना के हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। इस संबंध में परिवार ने हत्या की कोई तहरीर नहीं दी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।