सरकार की घोषणा के मुताबिक आदर्श नगर पंचायत योजना के तहत इस वित्तीय वर्ष के लिए 22 नगर निकायों का चयन किया गया है। संबंधित जिलों के डीएम के प्रस्तावों का परीक्षण करने के बाद नगर विकास विभाग ने निकायों के चयन को मंजूरी देते हुए डीपीआर तैयार कराने के निर्देश दिए हैं।
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निकायों का चयन अप्रैल में ही होना था, लेकिन जिलों से प्रस्ताव न आने से चयन का काम करीब 7 महीने बाद हो पाया है। इन निकायों में विकास कार्यों के लिए अलग से धन उपलब्ध कराया जाएगा।
दरअसल, सरकार ने बड़े नगर निकायों की तरह छोटे नगर निकायों में रहने वाले लोगों को भी मूलभूत सुविधाएं मुहैया कराने के लिए पिछले वर्ष ‘पं. दीनदयाल उपाध्याय आदर्श नगर पंचायत योजना’ लागू की थी। सरकार का मानना था कि छोटे नगर निकायों की तुलना में बड़े नगर निकायों की आय अधिक है और सरकार के स्तर से भी बड़े निकायों को वित्तीय मदद दी जाती है।
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वहीं, कम आमदनी और सरकारी मदद न मिलने से छोटे नगर निकायों में विकास कार्य नहीं हो पाते हैं। इसलिए सरकार ने इस योजना की शुरुआत करते हुए घोषणा की कि प्रति वित्तीय वर्ष हर जिले की एक नगर पंचायत का आदर्श नगर पंचायत के तौर पर चयन कर उसका विकास किया जाएगा।
योजना के तहत निकायों के चयन के लिए सभी जिलों के डीएम ने पिछले दिनों नगर विकास विभाग को प्रस्ताव भेजा था। सभी प्रस्तावों का परीक्षण करने के बाद नगर विकास विभाग ने इस वित्तीय वर्ष के लिए पहले चरण में 22 नगर पंचायतों के चयन को मंजूरी दे दी है। प्रमुख सचिव नगर विकास मनोज कुमार सिंह ने चयनित नगर निकायों में अवस्थापना विकास के लिए कार्ययोजना तैयार कर तत्काल शासन को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
योजना के तहत वर्ष 2011 की जनगणना के मुताबिक आबादी के हिसाब से नगर निकायों का वर्गीकरण किया गया है। इस मानक के अनुसार 10 हजार तक की आबादी वाले नगर निकायों को 2 करोड़, 10 से 20 हजार तक की आबादी वाले निकाय को 3 करोड़ और 20 से 50 हजार तक की आबादी वाले नगर निकायों को 4 करोड़ रुपये की मदद सरकार देगी। इस धन से नगर निकायों में अवस्थापना विकास से संबंधित कार्य ही कराए जाएंगे।
आदर्श नगर पंचायत योजना के लिए चयनित निकाय
दोस्तपुर (सुल्तानपुर), कटरा (गोंडा), सौनौली (महराजगंज), खड्डा (कुशीनगर), कंपिल (फर्रुखाबाद), नदीगांव (जालौन), अमिला (मऊ), बेहट (सहारनपुर), कुरावली (मैनपुरी), फरिहा (फिरोजाबाद), राजा का रामपुर (एटा), शिवली (कानपुर देहात), बिलासपुर (गौतमबुद्ध नगर), गढ़ीपुख्ता (शामली), बेनीगंज (हरदोई), अमीनगर सराय (बागपत), भाटपार रानी (देवरिया), जलालाबाद (बिजनौर), कोडा जहानाबाद (फतेहपुर), पिनाहट (आगरा), पिलखुआ (हापुड़) और शाहाबाद (रामपुर)।