इनमें से कुछ ने कई वर्षों से खुद को निदेशालय से संबद्ध करा रखा था। लिहाजा निदेशक ने पहले चरण में 15 लिपिकों की संबद्धता समाप्त कर उनको मूल जिलों के लिए कार्यमुक्त कर दिया था। इसी कड़ी में तबादले की दूसरी सूची तैयार कर अनुमोदन के लिए मुख्यमंत्री को भेजी गई थी।
वहां से मंजूरी मिलने के बाद मंगलवार देर शाम तबादला सूची जारी कर दी गई। सूची में 26 लोगों के नाम थे लेकिन सूत्रों का कहना है कि अनुमोदन के लिए भेजने से पहले ही मंत्री के स्तर पर 7 लिपिकों के नाम काट दिए गए। इसलिए 19 लिपिकों का ही तबादला किया गया है।
अजय बाजपेयी-बलरामपुर, राजदेव-फतेहपुर, सुषमा बहुगुणा-बदायूं, सुधीर खरवार-गाजीपुर, अमित चौहान- झांसी, सतीश वर्मा-औरैया, राजेंद्र कुमार शुक्ला-जालौन, कमलेश कुमारी-इटावा, योगेंद्र यादव-सोनभद्र, एसएन सिंह-संत रविदास नगर, अनिल कुमार श्रीवास्तव-आजमगढ़, अर्चना राय-उन्नाव, रिजवान अहमद-मिर्जापुर, उषा श्रीवास्तव-मैनपुरी, मजहबी नईम-संत कबीर नगर, राजेश काके-बहराइच, कविता वर्मा-फरुर्खाबाद, सरिता सिंह-जालौन व हरी बाबू-बस्ती।