बहराइच। तराई में सोमवार को बादल आए लेकिन बरसे नहीं। मौसम गर्म रहा। उमस और बढ़ गई। जनजीवन अस्तव्यस्त दिखा। धूप तो नहीं निकली लेकिन चिपचिपाहट भरी गर्मी ने परेशान किया।
मानसून आ चुका है। लेकिन अब तक मन माफिक वर्षा नहीं हुई है। गर्मी लोगों के लिए मुसीबत का सबब बनी हुई है। सोमवार भोर से आसमान में घने बादलों से लग रहा था कि वर्षा होगी।
लेकिन बादल आते-जाते रहे। घर से निकले लोग पसीने से तरबतर नजर आए। पुरवा हवा ने कुछ राहत दी लेकिन उमस और चिपचिपाहट भरी गर्मी से लोगों को निजात नहीं मिल सकी।
फसल अनुसंधान केंद्र के प्रभारी वैज्ञानिक डॉ. एमवी सिंह ने बताया कि पुरवा हवा के चलने और बादलों के आने-जाने के कारण उमस बढ़ी है। उन्होंने कहा कि कम हवा के दबाव का क्षेत्र बना रहा है। 24 घंटे में बौछारें पड़ सकती हैं।