आंध्रप्रदेश और ओडिशा में चक्रवाती तूफान हुदहुद का उत्तर प्रदेश पर जबरदस्त असर रहा। प्रदेश में सोमवार की रात से मंगलवार दोपहर तक तेज हवाओं के साथ बारिश के कारण जानमाल को भारी नुकसान पहुंचा है। सबसे ज्यादा प्रभावित पूर्वांचल के जिले रहे।
गोरखपुर-बस्ती मंडल में छह जबकि आजमगढ़ में एक ही परिवार के दो लोग और मऊ में एक युवक की मौत हो गई। अवध क्षेत्र में सात जबकि इलाहाबाद मंडल के प्रतापगढ़ में दो लोगों की जानें चली गईं। लखनऊ में अमौसी हवाई अड्डे पर दो विमानों की लैंडिंग नहीं हो सकीं। गोरखपुर से भी दिल्ली की उड़ान रद्द कर दी गई।
गोरखपुर में 153 मिमी, इलाहाबाद शहर में 114 मिमी जबकि लखनऊ में 41.3 मिमी. बारिश रिकार्ड की गई। गोरखपुर मंडल में 83 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलीं। गोरखपुर में पेड़ गिरने से अलीशाह, पिपराइच क्षेत्र में एक-एक, कैंट क्षेत्र में दो, जबकि बस्ती के सोनहा में एक महिला और कुशीनगर के रामकोला में एक बुजुर्ग महिला ने दम तोड़ दिया।
फसलों को भी अधिक नुकसान
जिले की अन्य घटनाओं में आठ लोग लोग घायल हो गए। ट्रैक पर पेड़ गिरने कई ट्रेनें प्रभावित हुई हैं। अवध के बाराबंकी में तीन और सुल्तानपुर, फैजाबाद व अंबेडकरनगर में एक-एक की मौत हो गई।
फैजाबाद और गोंडा में ट्रैक पर तार गिरने से कई ट्रेनें प्रभावित रहीं। रायबरेली के ऊंचाहार में भी पंजाब मेल, ऊंचाहार एक्सप्रेस समेत कई ट्रेनें लेट रहीं।
पूरे प्रदेश में आंधी व बारिश से खरीफ की फसल को भारी नुकसान हुआ है। सबसे अधिक नुकसान धान व गन्ने की फसलों को हुआ है।
यहां भी हुई भारी तबाही
पूर्वांचल के गाजीपुर, सोनभद्र, मिर्जापुर, भदोही, बलिया और चंदौली में भी सोमवार रात भारी बारिश और तेज हवाएं चलती रहीं। वाराणसी-फैजाबाद रूट पर मेहरावा स्टेशन के पास ट्रैक पर पेड़ गिरने से किसान एक्सप्रेस समेत पांच ट्रेनें प्रभावित हुईं।
सोनभद्र के रेणुकूट में पेड़ गिरने से आठ बच्चे घायल हो गए। चंदौली के जनौली गांव में एक मड़ई ध्वस्त होने से छह लोग घायल हो गए। इलाहाबाद में तेज हवाओं के कारण संगम पर कई नावें पलट गईं।
कानपुर और आसपास के इलाके जहां भारी बारिश हुई, वहीं मेरठ, मुरादाबाद, बरेली और आगरा में हवाओं के साथ रिमझिम बारिश होती रही। शाहजहांपुर, बदायूं शहर, पीलीभीत, लखीमपुर खीरी में भी असर देखा गया।