बहराइच। शहर के चौक बाजार में घंटाघर पार्क के पास मुंबई की तर्ज पर महिलाओं के लिए रेस्ट रूम बनेगा। यह रेस्ट रूम अत्याधुनिक होगा। इसमें एलईडी टीवी के साथ ही महिलाओं के लिए आराम करने की सुविधा होगी। सोफा व कुर्सियों की व्यवस्था रहेगी। आधुनिक टॉयलेट का भी निर्माण होगा। सुरक्षा के लिए 24 घंटे महिला पुलिसकर्मी तैनात रहेंगी।
शहर की आबादी लगभग छह लाख के आसपास है। 32 वार्ड हैं। बाजार का परिक्षेत्र आठ किलोमीटर के दायरे में फैला है। जिला मुख्यालय होने के कारण यहां शहर, कस्बों और ग्रामीण क्षेत्रों के लोग भी खरीदारी व सरकारी कार्यालयों में कामकाज निपटाने के लिए आते हैं।
इनमें महिलाओं की संख्या अधिक होती है। शहर में महिलाओं के लिए अतिरिक्त प्रसाधन की व्यवस्था नहीं है। उनके ठहरने का भी कोई इंतजाम नहीं है।
आए दिन महिलाओं को असुरक्षा का सामना करना पड़ता है। इसे देखते हुए बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री अनुपमा जायसवाल ने मुंबई की तर्ज पर बहराइच के चौक बाजार में महिलाओं के लिए रेस्ट हाउस और प्रसाधन निर्माण की कार्य योजना तैयार की है।
अमर उजाला से बातचीत में राज्यमंत्री ने बताया कि नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी से वार्ता हुई है। रेस्ट हाउस और प्रसाधन की रूपरेखा तैयार कर ली गई है। शासन से अनुमति मिल गई है। बजट का इंतजार है।
अगर बजट मिलने में देरी हुई तो भी विशेष व्यवस्था से मार्च माह के प्रथम सप्ताह में निर्माण कार्य शुरू करवा दिया जाएगा। इससे शहर में आने वाली महिलाओं को सुकून के दो पल नसीब हो सकेंगे।
उन्होंने कहा कि शहर के इक्का तांगा स्टैंड के निकट घंटाघर परिसर में रेस्ट हाउस और विशेष महिला प्रसाधन का निर्माण कराया जाएगा। वहां पुरुषों का प्रवेश वर्जित रहेगा। इस विशेष परियोजना को अमलीजामा पहनाने में लगभग 25 लाख का बजट खर्च होने का अनुमान है।
ये होंगी व्यवस्थाएं
चौक बाजार के घंटाघर पार्क में बनने वाले रेस्ट हाउस में महिलाओं के आराम के लिए एक हॉल, आरामदायक कुर्सी, मेज व सोफे की व्यवस्था होगी। दो महिला कांस्टेबिल की 24 घंटे ड्यूटी रहेगी। दो महिला सफाई कर्मी भी तैनात होंगी।
बजट में देरी हुई तो विधायक निधि से होगा निर्माण
शासन से अभी बजट की स्वीकृति नहीं हुई है। अगर बजट मिलने में देरी हुई तो विधायक निधि से निर्माण कार्य होगा। किसी भी कीमत पर अप्रैल के अंत तक निर्माण कार्य पूरा होगा। इससे जिले की आधी आबादी को शहर में आने पर दिक्कतों का सामना नहीं करना पड़ेगा।
-अनुपमा जायसवाल, राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार