अंबेडकर नगर जिला चिकित्सालय के सीएमएस डॉ. संत प्रकाश गौतम की मंगलवार को एसजीपीजीआई में इलाज के दौरान मौत हो गई। कोराना पॉजिटिव पाए जाने के बाद उन्हें पांच जून को पीजीआई के कोविड हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। कोरोना की वजह से डॉक्टर संत प्रकाश एक्यूट रेस्पिरेटरी डिस्ट्रेस सिंड्रोम की चपेट में आ गए थे।
डॉ. अनिल गंगवार ने बताया कि डॉ. संत प्रकाश डायबिटीज से पीड़ित थे। शुगर लेवल हाई होने के साथ फेफड़ों में गंभीर संक्रमण था। ब्लड प्रेशर गिरता गया। भर्ती होने के 10 घंटे बाद सांस लेने की समस्या बढ़ती ही गई तो उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया। दवाएं दी गईं और ऑक्सीजन सपोर्ट दिया गया।
मंगलवार दोपहर कार्डियक अरेस्ट के चलते फेफड़ों ने काम करना बंद कर दिया और उनकी सांसें थम गईं। वहीं, डॉ. संत प्रकाश गौतम की मौत पर पीजीआई रेजिडेंट डॉक्टर एसोसिएशन ने शोक सभा की। रेजिडेंट डॉक्टरों ने कहा कि सरकार उन्हें कोरोना योद्धा घोषित करे।