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Uttarkashi Cloudburst Live: चिन्यालीसौंड़ में तैनात होंगे चिनूक और एमआई-17, सीएम ने दिया एक माह का वेतन

Thu, 07 Aug 2025 07:52 PM IST
रेनू सकलानी अमर उजाला न्यूज डेस्क, देहरादून

खास बातें

Uttarkashi Flood News:  उत्तरकाशी के धराली में बादल फटने से मची तबाही के बाद बुधवार दोपहर मौसम खुलने पर बचाव अभियान ने जोर पकड़ा। जिला प्रशासन के अनुसार सेना के दो घायल जवानों को हेलिकॉप्टर से हायर सेंटर भेजा गया है। आपदा में छह लोगों की मौत हो गई है। जबकि कई लोग लापता हैं। पढ़ें पल-पल के अपडेट यहां...
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पहला चिनूक हर्षिल में उतरा - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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लाइव अपडेट

11:04 PM, 07-Aug-2025

फंसे 657 लोगों को निकाला

उत्तरकाशी जिले के धराली में आपदा के तीसरे दिन मौसम खुलते ही बचाव व राहत कार्यों ने रफ्तार पकड़ ली। चिनकू, एमआई-17 समेत आठ निजी हेलिकॉप्टर बचाव अभियान में जुट गए। वायु सेना के चिनूक हेलिकॉप्टर से रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए भारी मशीनरी को हर्षिल पहुंचाया गया। जबकि हेलिकॉप्टर से हर्षिल, नेलांग, मताली से फंसे 657 लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया।

10:28 PM, 07-Aug-2025

आपदा राहत के लिए सीएम ने दिया एक माह का वेतन

उत्तरकाशी के धराली एवं हर्षिल में आई आपदा में राहत कार्यों के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने एक माह का वेतन देने की घोषणा की है। वहीं, उत्तराखंड आईएएस एसोसिएशन ने भी आपदा पीड़ितों के लिए एक दिन का वेतन देने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार आपदा प्रभावित लोगों के साथ हर कदम पर खड़ी है। इस कठिन परिस्थिति में सभी को एकजुट होकर पीड़ितों की सहायता करनी चाहिए। उधर, बृहस्पतिवार को एल फैनई की अध्यक्षता में उत्तराखंड आईएएस एसोसिएशन की बैठक हुई। बैठक में प्राकृतिक आपदा को लेकर चर्चा की गई। तय किया गया कि धराली में आई आपदा के मद्देनजर सभी आईएएस अधिकारी अपना एक दिन का वेतन स्वेच्छा से मुख्यमंत्री राहत कोष में देंगे। एसोसिएशन के सचिव दिलीप जावलकर ने कहा कि ऐसी आपदा के समय में प्रत्येक अधिकारी, कर्मचारी व नागरिक की भागीदारी अहम है।

07:52 PM, 07-Aug-2025

चिन्यालीसौंड़ में तैनात किए जाएंगे चिनूक और एमआई-17

मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने मातली को रेस्क्यू अभियान के लिए स्ट्रेटिजिक एरिया बनाने को कहा है। इसके अलावा राहत और बचाव कार्यों को गति देने के लिए चिनूक तथा एमआई-17 को चिन्यालीसौंड़ में ही तैनात किया जाएगा, ताकि देहरादून से लग रहे अतिरिक्त समय को कम किया जा सके।

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05:10 PM, 07-Aug-2025
वीसैट - फोटो : अमर उजाला

चिनूक से एक वीसैट ((अति लघु एपर्चर टर्मिनल)) मातली पहुंचा दिया गया है। आज शाम या कल सुबह तक यह हर्षिल पहुंच जाएगा। इसके चालू हो जाने से इंटरनेट कनेक्टिविटी बढ़िया हो जाएगी।

04:36 PM, 07-Aug-2025

चिनूक से धराली आपदा प्रभावित क्षेत्र में पहुंचाया जेनरेटर

आपदा प्रभावित क्षेत्र से लोगों को रस्क्यू करने के साथ ही अब चिनूक से जेनरेटर भी पहुंचाया गया है।

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03:19 PM, 07-Aug-2025

धराली रेस्क्यू ऑपरेशन पर उच्च स्तरीय बैठक

राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा धराली रेस्क्यू ऑपरेशन पर उच्च स्तरीय बैठक की जा रही है। बैठक में आर्मी, एयरफोर्स, आईटीबीपी, बॉर्डर रोड ऑर्गेनाइजेशन, मौसम विज्ञान विभाग, एनडीआरएफ के अधिकारी दिल्ली से ऑनलाइन जुड़े हैं। रेस्क्यू अभियान की समीक्षा की जा रही है।
 

02:32 PM, 07-Aug-2025

तीन दिनों में हर्षिल तक सड़क खोलकर संपर्क बहाल किया जाएगा

धराली और हर्षिल में बचाव कार्यों पर सीमा सड़क संगठन के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल रघु श्रीनिवासन ने कहा कि बादल फटने और उसके बाद हुई भारी बारिश के बाद, यहां से धराली की दूरी लगभग 96 किलोमीटर है, और पूरे रास्ते में चार बड़े भूस्खलन बिंदु हैं और एक पुल नष्ट हो गया है। पिछले दो दिनों से सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) के कर्मचारी और मशीनरी तैनात हैं। सड़कों को बहाल करने के प्रयास जारी हैं। हमें उम्मीद है कि कुछ ही घंटों में संपर्क बहाल हो जाएगा। हमारे जवान तैयार हैं। जैसे ही सड़क संपर्क बहाल होगा, हमें उम्मीद है कि एक दिन में पुल का निर्माण शुरू हो जाएगा। अगले तीन दिनों में हम हर्षिल तक सड़क खोलकर संपर्क बहाल कर पाएंगे। हर्षिल को धराली से जोड़ने वाली सड़क अभी पानी में डूबी हुई है। हम या तो पुरानी सड़क को बहाल कर सकते हैं या एक नई सड़क बना सकते हैं, इन दोनों विकल्प का हम उपयोग करेंगे। 


01:59 PM, 07-Aug-2025

भटवाड़ी के आखिरी संपर्क मार्ग पर पहुंचे कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष करण माहरा भटवाड़ी के आखिरी संपर्क मार्ग पर पहुंचे। उनका कहना है कि राहत के नाम पर सरकार सिर्फ झूठे दावे कर रही है। सेना आईटीबीपी के जवान काम  कर रहे हैं।
नेटवर्क बाधित किए जाने के कारण लोगों का अपनों से संपर्क नहीं हो पा रहा है। हम धराली के लिए निकले हैं लेकिन भटवाड़ी से आगे संपर्क मार्ग खत्म है।

01:22 PM, 07-Aug-2025

दस लोगों को और लाया गया जौलीग्रांट

पहली बार मे 29 और दूसरी बार में 10 लोगों को जौलीग्रांट लाया गया। अभी कुछ और लोगों को लाए जाने की संभावना है।

 

01:08 PM, 07-Aug-2025

चिनूक से रेस्क्यू कर 29 लोगों को लाया गया देहरादून एयरपोर्ट

चिनूक हेलिकॉप्टर द्वारा कुल 29 लोगों को धराली उत्तरकाशी से रेस्क्यू कर देहरादून एयरपोर्ट लाया गया। जहां पर उनका मेडिकल चेकअप किया जा रहा है। वहीं प्रशासन, पुलिस, सेना और एनडीआरएफ की टीम देहरादून एयरपोर्ट पर मौजूद है। इन 29 लोगों के लिए देहरादून एयरपोर्ट पर सेना, एनडीआरएफ और उत्तराखंड सरकार की बसें खड़ी हैं। जिनसे इनको आगे के लिए रवाना किया जाएगा।

12:49 PM, 07-Aug-2025

पहाड़ काटकर बनाया जा रहा रास्ता

उत्तरकाशी से धराली की तरफ जाने वाले रास्ते पर मनारी से दो किमी आगे सड़क मार्ग नदी में समा गया। तीसरे दिन भी पहाड़ काटकर रास्ता बनाने का काम जारी है।

12:12 PM, 07-Aug-2025

चिनूक से 30-35 लोगों को रेस्क्यू कर जौलीग्रांट लाया गया

चिनूक से 30-35 लोगों को रेस्क्यू कर जौलीग्रांट लाया गया है। वहीं सीएम पुष्कर सिंह धामी उत्तरकाशी जिला अस्पताल में धराली क्षेत्र के ग्रामीण से मिले।

 

12:10 PM, 07-Aug-2025

274 लोगों को गंगोत्री एवं अन्य क्षेत्रों से हर्षिल लाया गया

सचिव आपदा प्रबंधन द्वारा बताया गया है कि 274 लोगों को गंगोत्री एवं अन्य क्षेत्रों से हर्षिल लाया गया है। सभी सुरक्षित हैं। इनमें गुजरात के 131, महाराष्ट के 123, मध्य प्रदेश के 21, यूपी के 12, राजस्थान के छह, दिल्ली के सात, आसाम के पांच, कर्नाटक के पांच, तेलंगाना के तीन और पंजाब के एक व्यक्ति हैं।  सभी पूरी तरह से सुरक्षित हैं। इन्हें उत्तरकाशी-देहरादून लाया जा रहा है।

11:36 AM, 07-Aug-2025

हर्षिल में लैंड हुआ पहला चिनूक

पहला चिनूक हर्षिल में लैंड कर गया है। इसमें एनडीआरएफ के जवान, एनडीआरएफ के उपकरण तथा अन्य आवश्यक सामग्री भेजी गई हैं।

 

11:08 AM, 07-Aug-2025

वाडिया संस्थान की टीम करेगी अध्ययन

उत्तरकाशी जिले के खीर गंगा क्षेत्र में आई आपदा को लेकर वाडिया संस्थान भी अध्ययन करेगा। वाडिया हिमालय भूविज्ञान संस्थान के निदेशक विनीत गहलाेत ने बताया कि धराली आपदा को लेकर संस्थान ने भी अध्ययन कराने का फैसला किया है। इसको लेकर संस्थान के वैज्ञानिकों के साथ चर्चा भी हुई है। टीम को मौके पर भेजने की योजना है। संस्थान की टीम को मार्ग के खुलने और स्थितियां कुछ सामान्य होने के बाद भेजा जाएगा। संस्थान तकनीकी माध्यम से आपदा के कारणों को जानने का प्रयास करेगा। 

10:57 AM, 07-Aug-2025

65 लोगों का रेस्क्यू , एक दर्जन मकानों को खाली कराया गया

धराली में रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। कुल 65 लोगों का रेस्क्यू कर मातली लाया जा चुका है। वहीं भटवाड़ी से आगे भूस्खलन के खतरे को देखते हुए करीब एक दर्जन मकानों को खाली कराया गया है।


 

10:40 AM, 07-Aug-2025

हर्षिल के धराली में सुबह से ही बचाव अभियान जारी

उत्तराखंड सरकार ने एएनआई को बताया कि हर्षिल के धराली में सुबह से ही बचाव अभियान जारी है। सुबह 9:30 बजे तक, कुल 44 लोगों को आईटीबीपी ने हेलिकॉप्टर से मातली पहुंचाया है, जहां से उन्हें सुरक्षित उनके गंतव्य तक पहुंचाया जा रहा है।

10:39 AM, 07-Aug-2025

एयरलिफ्ट कर मातली हेलीपैड लाया गया घायल

आपदा प्रभावित धराली गांव से बचाए गए एक घायल व्यक्ति को एयरलिफ्ट कर मातली हेलीपैड लाया गया, जहां से उसे आगे के इलाज के लिए भेजा जाएगा।

10:34 AM, 07-Aug-2025

धराली से निकाले गए लोगों से मिले सीएम धामी

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी मातली हेलीपैड पहुंचे और धराली से निकाले गए लोगों से बातचीत की। उन्होंने प्रशासन, एनडीआरएफ और एसडीआरएफ कर्मियों से भी बातचीत की, जो जल्द ही बचाव कार्यों के लिए धराली पहुंचेंगे।
 

10:33 AM, 07-Aug-2025

राहत सामग्री लेकर आपदा प्रभावित इलाकों के लिए रवाना हुई टीम

उत्तरकाशी बादल फटने केबाद एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें उत्तरकाशी के मातली हेलीपैड से राहत सामग्री लेकर हेलीकॉप्टर के जरिए उत्तरकाशी जिले के आपदा प्रभावित इलाकों के लिए रवाना हो रही हैं। 

09:49 AM, 07-Aug-2025

सड़कें अवरुद्ध और क्षतिग्रस्त होने से धराली नहीं पहुंची टीम

उत्तरकाशी के आपदा प्रभावित क्षेत्रों में चल रहे बचाव कार्यों पर एनडीआरएफ के डीआईजी गंभीर सिंह चौहान ने कहा कि हमारे पास चार टीमें हैं, लेकिन सभी सड़कें अवरुद्ध और क्षतिग्रस्त होने के कारण वे धराली नहीं पहुंच सके। कल 35 कर्मचारी हेलिकॉप्टरों के माध्यम से पहुंचने में सक्षम थे। हेलिकॉप्टर सेवाएं शुरू होने के साथ ही कर्मचारियों और निकाले गए लोगों का आना-जाना शुरू हो गया है। संचार संबंधी समस्या भी थी, लेकिन आज सुबह से हमारे सैटेलाइट फोन काम कर रहे हैं। राज्य प्रशासन, सेना, आईटीबीपी, एनडीआरएफ और एसडीआरएफ और यहां तक कि स्थानीय लोग भी खोज और बचाव कार्यों में एक-दूसरे की मदद कर रहे हैं

09:04 AM, 07-Aug-2025

चीन सीमा से पोकलैंड मशीनें एयरलिफ्ट

उत्तरकाशी धराली में भारी बारिश और भूस्खलन के कारण क्षतिग्रस्त हुए रास्तों को खोलने के लिए भारतीय वायुसेना की मदद से पोकलैंड मशीनों को एयरलिफ्ट किया जा रहा है। सीमा सड़क संगठन के जवान दिन-रात इन रास्तों को साफ करने में जुटे हैं।

08:30 AM, 07-Aug-2025
सीएम धामी ने अफसरों से की बातचीत - फोटो : ANI

हेलिकाप्टर से पहुंची टीम, बनी झील का किया निरीक्षण

आपदा के बाद हर्षिल में भागीरथी नदी में बन गई झील के निरीक्षण के लिए सिंचाई विभाग की टीम पहुंची है। टीम के अनुसार झील से पानी की निकासी हो रही है, चिंता जैसी कोई बात नहीं है। अवरोध को हटाने के लिए भी योजना बनाई गई है। आपदा के दौरान तैलगाड गधेरे से मलबा आने से भागीरथी नदी में झील बन गई। इस झील के पानी से हर्षिल से जाने का वाला मार्ग भी प्रभावित हुआ है। इस झील को हटाने और पानी का प्रवाह को सामान्य करने के लिए सिंचाई विभाग की टीम को भेजा गया था। इसमें विभागाध्यक्ष सुभाष कुमार, अधीक्षण अभियंता संजयराज के साथ अन्य अधिकारयों की टीम पहुंची। अधिकारियों के मुताबिक झील की लंबाई करीब 1200 और चौड़ाई 100 मीटर है। इस झील से पानी की निकासी हो रही है, पर मलबे को हटाने की योजना बनाई गई है। इसमें मार्ग खुलने के बाद चार पोकलेन मशीन के माध्यम से मलबा हटाया जाएगा। पोकलेन की व्यवस्था करने के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया गया है।

 

08:06 AM, 07-Aug-2025

नौ यात्रियों को हेली से मातली लाया गया

हर्षिल राहत कैंप में रुके हुए नौ यात्रियों को आज हेली से मातली लाया गया।

 

07:56 AM, 07-Aug-2025

उत्तराकाशी में हेली रेस्क्यू ऑपरेशन, सीएम ने की राहत-बचाव कार्यों की समीक्षा

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज गुरुवार सुबह उत्तरकाशी में एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और प्रशासनिक अधिकारियों से मुलाकात कर धराली क्षेत्र में राहत एवं बचाव कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। साथ ही आज सुबह से प्रभावित क्षेत्रों में शुरू हुए हेली रेस्क्यू ऑपरेशन को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक निर्देश दिए। इस दौरान उन्हें सड़क, संचार और बिजली की शीघ्र बहाली के साथ-साथ पेयजल व खाद्यान्न आपूर्ति की सघन निगरानी एवं त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। सीएम ने कहा कि रेस्क्यू ऑपरेशन में 24 घंटे जुटी सभी टीमों के साहस और समर्पण की सराहना करता हूं। विषम परिस्थितियों में भी इन दलों की निष्ठा और कार्यकुशलता आपदा प्रबंधन में अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत कर रही है।

07:37 AM, 07-Aug-2025
सीएम धामी मोर्चे पर डटे हुए - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

गंगोत्री हाईवे जगह-जगह क्षतिग्रस्त

मंगलवार को हर्षिल घाटी में तीन जगह बादल फटने से आए सैलाब व मलबे की वजह से धराली गांव में कई बहुमंजिला होटल और रेस्टोरेंट जमींदोज हो गए थे। वहीं कई लोग मलबे में फंस गए थे। हालांकि पहले दिन खीर गंगा में बार-बार आ रहे मलबे और गंगोत्री हाईवे के जगह-जगह क्षतिग्रस्त होने के कारण प्रशासनिक अमला और अन्य राहत टीमें घटनास्थल तक नहीं पहुंच पाईं थीं, लेकिन बुधवार को मौसम खुलने के बाद हेलिकॉप्टरों ने उड़ान भरी और बचाव दल मौके पर पहुंच गए।

उत्तरकाशी आपदा: गंगोत्री हाईवे का 100 मीटर से ज्यादा हिस्सा धंसा, पैदल भी आगे नहीं जा पाए डीएम-एसपी

07:28 AM, 07-Aug-2025

Uttarkashi Cloudburst Live: चिन्यालीसौंड़ में तैनात होंगे चिनूक और एमआई-17, सीएम ने दिया एक माह का वेतन

धराली गांव और हर्षिल स्थित सेना के कैंप में आए मलबे के दूसरे दिन बुधवार को तेजी से जिंदगियों की तलाश शुरू जारी है। सेना, आईटीबीपी और एसडीआरएफ की टीमें हेलिकॉप्टर से खोज और बचाव कार्य में जुटी रहीं। इस दौरान दो शव मिले हैं, जिससे अब मृतकों की संख्या छह हो गई है। वहीं, हर्षिल में मलबे में फंसे 11 जवानों समेत 13 लोगों को रेस्क्यू कर लिया गया है। जिला प्रशासन के अनुसार सेना के 10 जवान समेत 20 लोग अभी भी लापता हैं, जिनकी तलाश जारी है। वहीं आशंका यह भी है कि यह संख्या और बढ़ सकती है।

उत्तरकाशी के धराली में बादल फटने से मची तबाही के बाद बुधवार दोपहर मौसम खुलने पर बचाव अभियान ने जोर पकड़ा। जिला प्रशासन के अनुसार सेना के दो घायल जवानों को हेलिकॉप्टर से हायर सेंटर भेजा गया है। धराली के आठ स्थानीय युवक, नेपाली मूल के दो व्यक्ति और सेना के 10 जवान समेत 20 लोग अभी भी लापता हैं, जिनकी तलाश जारी है। वहीं, आशंका यह भी है कि यह संख्या और बढ़ सकती है।




धराली में आई आपदा के दूसरे दिन भी रास्ते भूस्खलन की वजह से जगह-जगह बंद थे। जिससे बचाव और राहत कार्य में बाधा आई। भटवाड़ी स्थित हेलीपैड से दो हेलीकॉप्टरों के माध्यम से राहत सामग्री, खाद्य सामग्री और बचाव उपकरण धराली क्षेत्र में पहुंचाई गए। सेना के हेलीकॉप्टर से बचाव कार्य संबंधी भारी मशीनरी पहुंचाई जा रही है। आइटीबीपी, एनडीआरएफ, पुलिस आदि बचाव दल भटवाड़ी में राष्ट्रीय राजमार्ग पर बड़ी चट्टान गिरने के कारण आगे नहीं बढ़ सके, पूरा रास्ता ध्वस्त होकर क्षतिग्रस्त हो चुका है।

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