कितनी भी कोशिश करें पर आप हरे या लाल रंग के बीच फर्क नहीं पहचान पाते हैं? या आपका बच्चा हमेशा ड्राइंग बुक में कलरिंग गलत करता है क्योंकि उसे लाख समझाने के बाद भी वह रंगों में अंतर समझ ही नहीं पाता। अगर ऐसा हा तो यह स्थिति वर्णांधता या कलर ब्लाइंडनेस नामक रोग की हो सकती है।
इस स्थिति में व्यक्ति को एक या एक से अधिक रंगों को पहचानने की क्षमता सामान्य लोगों की अपेक्षा कम होती है। यह रोग सामान्यतः जन्म से होता है या फिर कई रोगों के बाद हो सकता है। साधारण व्यक्ति रंग के हलकेपन या गहरेपन का आराम से बोध कर सकता है लेकिन पर कलर ब्लाइंड व्यक्ति की रंगों के गहरेपन का बोध या रंगों को पहचानने की शक्ति लुप्त हो जाती है। अगर आप यह जानना चाहते हैं कि आप कलर ब्लाइंड हैं या नहीं तो इन तस्वीरों में छिपे अक्षर को पहचानें।
इस चित्र में आपको क्या दिख रहा है- गोलाकार या वर्ग? सामान्य व्यक्ति को गोलाकार और वर्ग, दोनों ही दिखेंगे जबकि कलर ब्लाइंड व्यक्ति को गोलाकार तो दिखेगा लेकिन वर्ग नहीं दिखेगा।
इस चित्र में आपको गोलाकार के भीतर कौन-कौन से अंक दिख रहे हैं? सामान्य व्यक्ति इसमें क्रमशः 16, 57, 6, 29, 42 और 7 अंक देख सकता है जबकि कलर ब्लाइंड व्यक्ति को कुछ अंक दिखेंगे और कुछ नहीं।
कलर ब्लाइंड व्यक्ति को इस चित्र में हो सकता है गोलाकार के भीतर छिपे सभी अंक न दिखें लेकिन सामान्य व्यक्ति को इसमें क्रमशः 45, 56, 42,6, 8 और 2 अंक दिखेंगे।