लगातार गिरते बाल अगर आपको गंजेपन के कगार पर पहुंचा रहे हैं तो यह जानकारी आपके काम की है।
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डेलीमेल पर प्रकाशित खबर की मानें तो गंदापन शरीर से जुड़ी खुशखबरी और बुरी खबर, दोनों का इशारा है। कई शोधों के आधार पर इस खबर में गंजेपन से जुड़े दोनों पहलुओं को रखा गया है।
जानिए, गंजापन किन स्थितियों का संकेत है जिससे समय रहते आप न केवल इसका उपचार करवा सकते हैं बल्कि इससे जुड़ी स्थितियों को बदलने का भी प्रयास कर सकते हैं।
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प्रोस्टेट में ट्यूमर
पुरुषों में प्रोस्टेट कैंसर जितनी तेजी से बढ़ रहा है उतना ही मुश्किल है इसके लक्षणों पर गौर करना। यही वजह है कि इस कैंसर से पुरुषों की मृत्यु में बढ़ोत्तरी हुई है।
जर्नल ऑफ क्लीनिकल ओंकोलॉजी के शोध की मानें तो जिन पुरुषों के सिर के सामने के बाल झड़ जाते हैं और किनारे के बाल हल्के झड़ने शुरू हो जाते हैं, उन्हें प्रोस्टेट कैंसर का रिस्क 40 प्रतिशत अधिक होता है।
इस बारे में शोधकर्ता क्रिस एडेन ने बताया, ''पिछले कुछ समय में ही हम गंजेपन और प्रोस्टेट कैंसर का संबंध जान पाए हैं। उम्मीद है इससे समय रहते प्रोस्टेट कैंसर की पहचान संभव हो सकेगी।''
दिल के रोगों का रिस्क
बीएमजे ओपन जर्नल में प्रकाशित शोध की मानें तो जिन पुरुषों को गंजेपन के समस्या होती है, उन्हें दिल से जुड़े रोगों का रिस्क अधिक रहता है।
शोधकर्ताओं का माननना है कि रक्त संचार में ब्लॉकेज होने के कारण गंजापन और दिल के रोग, दोनों होते हैं जिससे दिल के दौरे का रिस्क भी बढ़ जाता है।
शोध में माना गया है कि गंजेपन की समस्या से ग्रसित पुरुषों को दिल से जुड़े रोगों का रिस्क 32 प्रतिशत अधिक होता है।
अधिक तनाव का इशारा
कुछ शोधों में गंजेपन का संबंध अत्याधिक तनाव की अवस्था से भी पाया गया है। खासतौर पर उम्र के 20 से 30वें पड़ाव में होने वाला गंजापन बहुत हद तक तनाव का संकेत हो सकता है।
जिन पुरुषों और महिलाओं के शरीर में कोर्टिजोल, एड्रेलाइन और टेस्टोस्टेरोन बहुत अधिक बनते हैं, उनके बाल जल्दी गिरते हैं। ऐसा तनाव की स्थिति में भी होता है।
पीरियड्स की अनियमितता
महिलाओं में अधिक बाल झड़ने का एक बड़ा कारण अनियमित पीरियड्स भी हैं। महिलाओं में गंजापन टेस्टोस्टेरोन नामक मेल सेक्स हार्मोन की अधिकता के कारण बी होता है जो महिलाओं की फर्टिलिटी घटाता है।
विशेषज्ञों की मानें तो अनियमित पीरियड्स की समस्या से ग्रस्त महिलाओं को बाल झड़ने की समस्या अधिक होती है। इतना ही नहीं, बाल झड़ना पोलिसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम का कारण हो सकता है।
पोलीसिस्टिक सिंड्रोम के दौरान बाल झड़ना, अनियमित पीरियड्स, मुहांसे आदि समस्याएं होती हैं।
गंजेपन से जुड़ी एक खुशखबरी भी शोध में मानी गई है। जर्नल ऑफ इंटरनेशनल एंड्रोलॉजी में प्रकाशित शोध की मानें तो गंजे पुरुषों में सेक्स हार्मोन टेस्टोस्टेरोन की अधिकता होती है जिससे उनकी सेक्स लाइफ बेहतर होती है।
शोधकर्ताओं ने यह भी माना कि गंजेपन से जुझने वाले पुरुषों को टेस्टिकुलर कैंसर का रिस्क कम होता है।
शोधकर्ता टिम ऑलिवर ने बताया, ''हमने अपने अध्ययन में पाया है कि टेस्टोस्टेरोन की अधिकता के कारण पुरुषों में कामेच्छा बढ़ती है। गंजेपन का एक कारण टेस्टोस्टेरोन की अधिकता भी है।''