वायु सेना में अग्निपथ भर्ती योजना के तहत अग्निवीर बनने के लिए पंजीकरण प्रक्रिया 24 जून, 2022 से शुरू हुई थी और मंगलवार, पांच जुलाई को समाप्त हो गई है। 14 जून को इस योजना के जारी होने के बाद, इसके खिलाफ कई राज्यों में लगभग एक सप्ताह तक हिंसक विरोध प्रदर्शन हुए और विभिन्न विपक्षी दलों ने इसे वापस लेने की मांग की थी।
अब तक की सर्वाधिक पंजीकरण संख्या
इस बीच, मंगलवार को भारतीय वायु सेना ने ट्विटर पर कहा कि अग्निपथ भर्ती योजना के लिए वायु सेना द्वारा आयोजित ऑनलाइन पंजीकरण प्रक्रिया पूरी हो गई है। इसमें कहा गया है कि इससे पहले कभी वायु सेना की किसी भी भर्ती के लिए इतने आवेदन नहीं मिले थे। इस बार 7,49,899 आवेदन प्राप्त हुए हैं। यह अब तक की सर्वाधिक पंजीकरण संख्या है। इससे पहले अभी तक 6,31,528 आवेदनों का सर्वाधिक आंकड़ा था।
रक्षा मंत्री ने 14 जून को की थी घोषणा
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह द्वारा 14 जून को तीनों सेना प्रमुखों की उपस्थिति में घोषित परिवर्तनकारी अग्निपथ योजना में साढ़े 17 वर्ष की आयु के युवाओं की सशस्त्र सेवाओं में भर्ती का प्रावधान है। नियुक्ति केवल चार वर्षों के लिए होगी और प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद उनमें से 25 प्रतिशत को 15 और वर्षों के लिए बनाए रखने का प्रावधान है। जबकि 75 फीसदी को रिटायर कर दिया जाएगा, जिन्हें पुलिस, केंद्रीय सशस्त्र बलों में नियुक्ति में प्राथमिकता दी जाएगी। केंद्र ने बाद में 2022 में भर्ती के लिए ऊपरी आयु सीमा को बढ़ाकर 23 वर्ष कर दिया। सरकार ने घोषणा की थी कि इस साल 46,000 अग्निवीरों की भर्ती की जा रही है।