गैर-जरूरी मीटिंग से दूर रहें
अपने समय का सही उपयोग करने के लिए यह समझना जरूरी है कि किस मीटिंग में आपकी मौजूदगी अनिवार्य है और किसमें नहीं। अगर किसी मीटिंग में आपका योगदान जरूरी नहीं है, तो विनम्रता से खुद को उससे हटा लें। ऐसा करने से आपके ऊपर से व्यापक बोझ हल्का होगा, आप अपने मुख्य काम पर ज्यादा ध्यान दे पाएंगे, और आपके नए कर्मचारी को उस क्षेत्र में जिम्मेदारी संभालने का मौका मिलेगा। इससे न सिर्फ आपका समय बचेगा, बल्कि टीम में भरोसा भी बढ़ेगा।
काम दूसरों को सौंपें
अक्सर हम पुराने कामों की आदत के कारण उन्हें छोड़ नहीं पाते, भले ही अब वे हमारा हिस्सा न हों। इसलिए जरूरी है कि आप पहचानें कि कौन-से काम अब किसी और के जिम्मे कर देना सही है, जैसे रिपोर्ट बनाना, मीटिंग्स संभालना या प्रोजेक्ट की छोटी-छोटी जिम्मेदारियां। इन कामों को अपने नए कर्मचारी को सौंप दें और उन पर भरोसा करें कि वह इन कामों को अच्छे से संभालेंगे। ऐसा करने से न सिर्फ दबाव कम होगा, बल्कि आपके नए कर्मचारी भी जिम्मेदारी लेना व निर्णय लेना सीखेंगे।
रणनीतिक बनें
जब आपने अपने छोटे या अब आपके न रहने वाले काम अपनी टीम को सौंप दिए हैं, तो अब आपका ध्यान बड़ी योजनाओं पर होना चाहिए, यानी टीम की दिशा और दीर्घकालिक लक्ष्यों पर। आपको यह समझना होगा कि आपका समय कहां सबसे ज्यादा असर डाल सकता है। इससे आप अपनी भूमिका को बेहतर निभा पाएंगे, टीम को सही दिशा में ले जाएंगे और संगठन के बड़े उद्देश्यों को हासिल करने में योगदान दे पाएंगे।
खुद को थोड़ा आराम दें
जब आपने अपने कामों को व्यवस्थित कर लिया है, जिम्मेदारियां बांट दी हैं और अपने समय का बेहतर उपयोग शुरू कर दिया है, तो अब खुद के लिए भी वक्त निकालना जरूरी है। इसलिए, बीच-बीच में ब्रेक लेना, परिवार और दोस्तों के साथ समय बिताना या अपने शौक पूरे करना जरूरी है। इससे आप और अधिक स्पष्ट सोच पाएंगे और भविष्य के लिए बेहतर निर्णय ले सकेंगे।