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LS Polls 2024: ‘झुकना आदिवासियों के DNA में नहीं, अन्याय के खिलाफ लड़ते रहेंगे’, कल्पना सोरेन का भाजपा पर हमला

Thu, 02 May 2024 04:05 PM IST
मिथिलेश नौटियाल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

LS Polls 2024: अपने पति की गिरफ्तारी पर कल्पना सोरेन ने कहा कि झुकना आदिवासियों के डीएनए में नहीं है और इसी वजह से हेमंत सोरेन ने अपने मूल्यों से समझौता करने के बजाय जेल जाना पसंद किया। उन्होंने कहा कि भाजपा का काम सिर्फ झूठ बोलना है।
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कल्पना सोरेन - फोटो : ANI
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विस्तार
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झारखंड के पूर्व सीएम हेमंत सोरेन की पत्नी कल्पना सोरेन ने अपने पति की गिरफ्तारी पर भारतीय जनता पार्टी और केंद्रीय एजेंसियों पर निशाना साधा है। उनका कहना है कि उनके पति के गिरफ्तार होने के बाद जेएमएम और उनके परिवार को गहरा आघात लगा है। उन्होंने कहा कि झुकना हम आदिवासियों के डीएनए में नहीं है और हेमंत सोरेने अब और भी ज्यादा मजबूत होकर उभरेंगे। 

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‘हेमंत सोरेन को षडयंत्र के तहत जाल में फंसाया गया’
जेएमएम नेता ने कहा कि हमें न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है और अब हम हेमंत के जमानत पर बाहर आकर  लोकसभा चुनाव के लिए प्रचार करने का इंतजार कर रहे हैं। कल्पना ने कहा कि उनके पति को भाजपा ने षडयंत्र रचकर जाल में फंसाया और विपक्ष को दबाने के लिए अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। 

‘भाजपा का काम सिर्फ झूठ बोलना’
कल्पना ने ने सवाल पूछा कि जिस तरह से गरीबों, आदिवासियों और दलितों के लिए काम करने वाले विपक्ष के नेताओं को गिरफ्तार करवाया जा रहा है, उससे संविधान की रक्षा कैसे होगी? उन्होंने कहा कि भाजपा का काम सिर्फ झूठ बोलना है और इस बार झारखंड की जनता का केंद्र सरकार के खिलाफ गुस्सा साफ तौर पर देखने को मिल रहा है। उन्होंने दावा किया कि इस बार राज्य के संसाधनों को लूटने वाली भाजपा को जनता द्वारा राज्य से बाहर कर दिया जाएगा। अपने पति की गिरफ्तारी पर कल्पना सोरेन ने कहा कि आखिर किस वजह से प्रवर्तन निदेशालय द्वारा विपक्ष द्वारा शासित राज्यों में कार्रवाई की जा रही है।  
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‘झुकना आदिवासियों के डीएनए में नहीं’
परिवार में कथित विवाद और सीता सोरेन के पार्टी छोड़ने पर कल्पना ने कहा कि उनके परिवार में पूरी एकता है और जेएमएम से अलग होने का फैसला सीता सोरेन का ही था। 48 वर्षीय जेएमएम नेता ने कहा कि उन्हें राजनीति कभी भी पसंद नहीं रही, लेकिन परिस्थितियों ने उन्हें इसमें धकेल दिया। उन्होंने कहा कि वह अन्याय और तानाशाही ताकतों के खिलाफ लड़ेंगी क्योंकि झुकना आदिवासियों के डीएनए में नहीं है और इसी वजह से हेमंत सोरेन ने अपने मूल्यों से समझौता करने के बजाय जेल जाना पसंद किया। 

‘हेमंत सोरेन की गिरफ्तारी राजनीति से प्रेरित थी’
कल्पना के आगे कहा कि ईडी द्वारा हेमंत सोरेन की गिरफ्तारी राजनीति से प्रेरित थी क्योंकि भाजपा उन्हें अपने साथ शामिल करने की योजना बना रही थी। उन्होंने आगे कहा कि हेमंत की गिरफ्तारी केंद्र सरकार द्वारा उन्हें अपमानित करने की योजना का हिस्सा है, इसलिए इसका करारा जवाब मिलेगा।
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बता दें कि प्रवर्तन निदेशालय ने हेमंत सोरेन को जमीन घोटाले से जुड़े धनशोधन मामले में 31 जनवरी को गिरफ्तार किया गया था। 

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