फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नवजात की मौत पर टंडवा अस्पताल में हंगामा: परिजनों ने लगाया लापरवाही का आरोप, जांच टीम करेगी पड़ताल

Wed, 30 Sep 2026 01:40 PM IST
हिमांशु सिंह बघेल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची

सार

टंडवा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में नवजात की मौत के बाद परिजनों और ग्रामीणों ने अस्पताल परिसर में प्रदर्शन किया। परिजनों ने इलाज में लापरवाही और समय पर एंबुलेंस उपलब्ध नहीं कराने का आरोप लगाया है।
विज्ञापन
सांकेतिक फोटो - फोटो : Amar Ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

टंडवा स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मंगलवार रात करीब 10 बजे एक नवजात शिशु की मौत के बाद उसके परिजनों और स्थानीय निवासियों ने जोरदार हंगामा किया। हरिनगर गांव निवासी मजदूर प्रमोद भुइयां की पत्नी ने मंगलवार शाम अस्पताल में एक बेटे को जन्म दिया था। घटना के बाद आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर इलाज में लापरवाही और समय पर वाहन उपलब्ध नहीं कराने का आरोप लगाया। लोगों ने टंडवा के चिकित्सा प्रभारी सुदीप कुमार पर कार्रवाई की मांग की है।
विज्ञापन


परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप
पीड़ित परिवार का आरोप है कि प्रसव संपन्न होने के बाद अस्पताल कर्मियों ने महिला को बेड देने के बजाय बाहर कुर्सी पर बैठा दिया। जब नवजात शिशु की हालत बिगड़ने लगी तो डॉक्टरों ने उसे रेफर कर दिया। परिजनों ने दावा किया कि स्वास्थ्य केंद्र परिसर में दो एंबुलेंस मौजूद थीं, फिर भी प्रबंधन ने समय पर वाहन उपलब्ध नहीं कराया। परिजनों के अनुसार, सही समय पर इलाज और एंबुलेंस की सुविधा नहीं मिलने के कारण ही बच्चे की मौत हुई। इस घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने अस्पताल परिसर में इकट्ठा होकर जमकर प्रदर्शन किया।

ये भी पढ़ें-  माइका के अवैध निर्यात पर शिकंजा: सीमा शुल्क विभाग ने कसे नियम, अब हर कंसाइनमेंट के स्रोत की होगी जांच
विज्ञापन
विज्ञापन


जांच टीम करेगी मामले की पड़ताल
मामले में चतरा के सिविल सर्जन डॉ. सत्येंद्र प्रसाद सिंह ने अस्पताल प्रबंधन और चिकित्सा प्रभारी पर लगाए गए सभी आरोपों को पूरी तरह बेबुनियाद बताते हुए खारिज कर दिया। सिविल सर्जन ने कहा कि प्रसूता महिला की गर्भावस्था के दौरान पहले कभी जांच या अल्ट्रासाउंड नहीं हुआ था। नवजात जन्म से ही गंभीर रूप से अस्वस्थ था और डॉक्टरों ने उसे बचाने का पूरा प्रयास किया। उन्होंने कुछ लोगों पर इस दुखद घटना को राजनीतिक मुद्दा बनाने का भी आरोप लगाया। इस बीच मामले की सूचना चतरा के उपायुक्त को दे दी गई है। उपायुक्त के निर्देश पर गठित विशेष जांच टीम जल्द ही टंडवा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचकर चिकित्सा व्यवस्था, नवजात के इलाज, रेफर किए जाने के कारणों और एंबुलेंस की उपलब्धता समेत सभी बिंदुओं की गहन जांच करेगी।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें