रांची में एक दंपती ने अपने एक माह की दुधमुंहे बच्ची का 20 हजार रुपये में सौदा कर दिया। आरोपी दंपती लपरा पंचायत की मल्हार टोली के रहने वाला है। बाद में मामले का खुलासा होने पर बच्चे को दोबारा दंपती को सौंप दिया गया। दरअसल, पैसे को लेकर विवाद होने पर बच्चे की सौदेबाजी का खुलासा हो गया। बच्चे की खरीदारी करने का आरोपी तज्जमुल हुसैन अशोकनगर रांची का निवासी है।
सौदेबाजी से पहले सादे कागजात पर गोद लेने का पत्र तैयार किया गया। इस पर लपरा पंचायत की मुखिया पुतुल देवी और मायापुर पंचायत की मुखिया पुष्पा खलखो ने भी अपने मुहर के साथ हस्ताक्षर किए। पत्र में लिखा गया था कि बच्चा बेचने वाले दंपती के सात बच्चे हैं और गरीबी के कारण वह सभीको पाल नहीं सकता है।
इसकी जानकारी जब बजरंग दल के प्रताप यादव को मिली, तो उन्होंने इसका विरोध किया। भारी विवाद के बाद बच्चे को फिर से दंपती के हवाले कर दिया गया। पुलिस अब अपने स्तर से जांच कर रही है। डीएसपी अनिमेष नैथानी ने बताया कि मैक्लुस्कीगंज थाना प्रभारी को जांच के लिए कहा गया है, रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई होगी।
जानकारी के अनुसार, जिस व्यक्ति ने बच्चे को खरीदा था वह खुद सामने नहीं आया। किसी दलाल ने सभी संबंधित लोगों से संपर्क कर मामले को अंजाम दिया था। लपरा पंचायत की मुखिया पुतुल देवी ने बताया कि जब मेरे पास सभी आए थे, तो उस कागज पर मायापुर मुखिया का पहले से हस्ताक्षर था, इसलिए मैंने भी कर दिया। लेकिन जब लेन-देन की जानकारी मिली, तो मैंने पहल कर बच्चे को वापस दिलाया। वहीं पुष्पा खलखो ने कहा कि मामला रफा-दफा हो गया है।