Jharkhand: 2005 से अपराध की दुनिया में सक्रिय डब्लू सिंह पर हत्या, रंगदारी और कई गंभीर मामलों में कुल 37 आपराधिक कांड दर्ज हैं। वर्ष 2014 में लातेहार से पहली बार जेल गया था, लेकिन 2018 में रिहा होने के बाद लगातार सात साल तक फरार रहकर आपराधिक घटनाओं को अंजाम देता रहा।
पलामू, गढ़वा और लातेहार क्षेत्र में आतंक का पर्याय बने कुख्यात अपराधी गिरोह के सरगना गौतम कुमार सिंह उर्फ डब्लू सिंह ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है। उसने रविवार रात 10:30 बजे पलामू एसपी रीष्मा रमेशन के समक्ष मेदिनीनगर टाउन थाना में सरेंडर किया।
एसपी रीष्मा रमेशन ने बताया कि आत्मसमर्पण की प्रक्रिया में मेदिनीनगर के पूर्व थाना प्रभारी देवव्रत पोद्दार की अहम भूमिका रही। उन्होंने कहा कि पुलिस लगातार अभियान चला रही है और मुख्यधारा में शामिल होने वालों के लिए कई योजनाएं भी चलाई जा रही हैं। नक्सली हों या संगठित अपराध से जुड़े लोग पुलिस की अपील है कि वे अपराध का रास्ता छोड़कर समाज की मुख्यधारा से जुड़ें। न्यायिक प्रक्रिया में पुलिस हरसंभव सहयोग करेगी।
2005 से अपराध की दुनिया में सक्रिय डब्लू सिंह पर हत्या, रंगदारी और कई गंभीर मामलों में कुल 37 आपराधिक कांड दर्ज हैं। वर्ष 2014 में लातेहार से पहली बार जेल गया था, लेकिन 2018 में रिहा होने के बाद लगातार सात साल तक फरार रहकर आपराधिक घटनाओं को अंजाम देता रहा। वर्तमान में वह शहर थाना क्षेत्र के हत्या एवं रंगदारी के चार गंभीर मामलों में वांछित था। डब्लू सिंह के आत्मसमर्पण के बाद पलामू और आसपास के क्षेत्रों के लोगों ने राहत की सांस ली है। वहीं पुलिस का बोझ भी कम हुआ है।