10 हजार फीट ऊंचे साधना टॉप पर तैनात महिला सैनिक का उत्साह बढ़ाते बुजुर्ग
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उत्तरी कश्मीर के तंगधार सेक्टर में पाकिस्तान से सटी एलओसी के करीब सेना ने पहली बार महिला सैनिकों की तैनाती की है। सेना के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ है। दस हजार फीट की ऊंचाई पर सबसे संवेदनशील इलाके साधना टॉप व अन्य जगहों पर एक महिला अफसर के नेतृत्व में करीब आधा दर्जन महिला सैनिक नशे और हथियारों की तस्करी रोकने के लिए तैनात हैं। ये महिला सैनिक असम राइफल्स की हैं और डेपुटेशन पर आई हैं।
जीओसी मेजर जनरल एडीएस औजला ने कहा कि अभी तक पुलिस की महिला सिपाही उनके साथ थीं, लेकिन ऐसा पहली बार हुआ है कि सेना की महिला सैनिक हमारे साथ यहां हैं और हमने उन्हें कुछ जगहों पर तैनात किया है। उन्होंने बताया कि इन इलाकों में तस्करी के बहुत सारे मामले सामने आ रहे थे और आतंकी तस्करी के लिए महिलाओं का इस्तेमाल कर रहे थे। इसलिए तस्करी पर नकेल लगाने के लिए और महिलाओं की चेकिंग के लिए महिला सैनिकों को तैनात किया है। जीओसी के अनुसार इनके आने से हमें मदद मिलेगी और हम उम्मीद करते हैं कि चाहे वह नशे की तस्करी हो या हथियारों की, इसमें कमी आएगी।
गौरतलब है कि सेना में महिलाएं सैन्य अफसर के तौर पर तो करीब दो दशक से कार्यरत हैं लेकिन सिपाही के पद पर अभी तक नहीं हैं। दिसंबर 2019 में पहली बार महिलाओं की सिपाही के पद पर सेना में भर्ती हुई थी, लेकिन वे महिला कैडेट सेना की मिलिट्री पुलिस में भर्ती हुई थीं और अभी बेंगलुरू में ट्रेनिंग ले रही हैं। उन महिला कैडेट्स की तैनाती से पहले ही सेना ने असम राइफल्स की महिला जवानों को कश्मीर में एलओसी पर तैनात कर दिया है।
हमारे लिए यह चुनौती नई नहीं : कैप्टन गुरसिमरन
महिला दल का नेतृत्व कर रहीं आर्मी सर्विस कोर (एएससी) की कैप्टन गुरसिमरन कौर के पिता और दादा भी सेना में सेवाएं दे चुके हैं। गुरसिमरन ने बताया कि यहां महिलाएं, पुरुष जवानों के मुकाबले बराबर की जिम्मेदारी निभा रही हैं। उन्होंने कहा, यहां तस्करी पर नकेल कसने के लिए हमें तैनात किया गया है। इससे पहले भी हम हाई एल्टीट्यूड पर तैनात रह चुकी हैं, इसलिए हमारे लिए यह कोई नई चुनौती नहीं है। चाहे बर्फ हो या बारिश, ड्यूटी हमारे लिए पहली प्राथमिकता है।
अभिनेत्री साधना के नाम पर है साधना टॉप
जिस साधना टॉप पर यह महिला प्लाटून तैनात है, इसका अपना इतिहास है। पाकिस्तान के साथ 1965 की जंग में सैनिकों का मनोबल बढ़ाने के लिए बॉलीवुड की जानी-मानी अभिनेत्री साधना यहां आई थीं और तब से इस जगह का नाम साधना टॉप रखा गया।