घाटी में आतंकियों द्वारा मोबाइल टावरों को टारगेट किए जाने के बाद मोबाइल कंपनियां सकते में हैं। आतंकियों की इस हिमाकत से अमरनाथ में दी जाने वाली मोबाइल सेवा भी प्रभावित हो सकती है। इस आशंका को देखते हुए मोबाइल सेवा को कड़ी सुरक्षा दी जाएगी। पहलगाम रूट में चंदनबाड़ी से लेकर पवित्र गुफा तक करीब छह जगहों पर मोबाइल टावर लगाए जाते हैं।
इससे यात्रियों को मोबाइल सेवा दी जाती है। टावरों को लेकर होने वाली आतंकी वारदातों के बीच इन टावरों की सुरक्षा कड़ी होगी। अनंतनाग के जिला उपायुक्त बशीर अहमद का कहना है कि ऐसे तो पूरे जिले में मोबाइल टावरों पर आतंकी हमले की कोई घटना नहीं हुई है, लेकिन फिर भी एहतियात के तौर पर मोबाइल टावरों को पूरी सुरक्षा दी जाएगी। सुरक्षा एजेंसियों की तैनाती रहेगी।
पुलिस, सेना और सीआरपीएफ आदि के जवान तैनात किए जा रहे हैं, जो काफी हैं। मोबाइल सेवा पर किसी तरह का प्रभाव नहीं पड़ेगा। उल्लेखनीय है कि बीएसएनएल और श्राइन बोर्ड के बीच मोबाइल सेवा को लेकर एक-दो दिन में बैठक होगी। इसमें सर्विस की रूपरेखा तय होगी। उल्लेखनीय है कि पहली बार 2010 में अमरनाथ के दौरान मोबाइल सेवा शुरू की गई थी। बीएसएनएल अस्थायी रूप से अपनी सेवा प्रदान करता है।