प्रदेश में पांच लाख के करीब निजी और व्यावसायिक वाहन मालिकों के लिए अच्छी खबर है। प्रदेश सरकार ने वाहनों की परिचालन उम्र 15 से बढ़ाकर 25 वर्ष कर दी है। 15 वर्ष से पुराने वाहनों के मालिक पांच अगस्त 2019 से पंजीकरण का नवीनीकरण नहीं करा पा रहे थे।
अब इन लाखाें वाहनों का नए सिरे से पंजीकरण होगा। अधिकतम 25 वर्ष तक वाहन सड़क पर दौड़ सकेंगे, हालांकि इन वाहनों को एक साल में दो बार फिटनेस जांच करवानी होगी। इन वाहनों को कड़े नियमों का पालन करना होगा, जिसमें हर छह- छह माह में फिटनेस टेस्ट और प्रदूषण विभाग से प्रमाण पत्र लेने की अनिवार्यता होगी।
जम्मू -कश्मीर में 15 वर्ष से ज्यादा पुराने पांच लाख से अधिक वाहन हैं। इनमें से तीन लाख के करीब नॉन-कामर्शियल वाहन हैं। आदेश के अनुसार कामर्शियल वाहनों की आयु 25 वर्ष तक होगी, जिसमें छह-छह माह के बाद वाहन की फिटनेस जांच की जाएगी। नॉन- कामर्शियल वाहनों का 25 वर्ष की आयु तक हर पांच साल में फिटनेस टेस्ट लिया जाएगा। विभिन्न ट्रांसपोर्ट संगठनों की ओर से सुझाव मिलने पर सरकार ने यह फैसला लिया है।
इस फैसले से काफी लोगों को राहत मिलेगी। लंबे समय से आम लोगों के साथ ट्रांसपोर्टर इसकी मांग कर रहे थे।- प्रदीप कुमार, परिवहन आयुक्त, जम्मू-कश्मीर
फैसला सराहनीय है। हम लंबे समय से इसकी मांग कर रहे थे। इस फैसले से हजारों लोगों का रोजगार खत्म होने से बचेगा। पांच अगस्त 2019 से 15 वर्ष पुराने वाहनों का पंजीकरण नहीं हो रहा था। - सुरेंद्र मोहन भाटिया, अध्यक्ष जेएंडके मोटर्स ट्रांसपोर्ट वेलफेयर एसोसिएशन