यात्रा कई दिनों से बंद होने के कारण बड़ी संख्या में श्रद्धालु बिना दर्शन किए अपने घर लौट चुके हैं। इसके बावजूद कटड़ा में अभी भी करीब 10 से 12 हजार श्रद्धालु रुके हुए हैं। श्रद्धालुओं का कहना है कि वे माता वैष्णो देवी के दर्शन किए बिना वापस नहीं लौटेंगे और यात्रा शुरू होने का इंतजार कर रहे हैं।
उधर, श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड की टीमें नए मार्ग और अन्य प्रभावित इलाकों में भूस्खलन से गिरे मलबे को हटाने और रास्ते को सुरक्षित बनाने के काम में लगातार जुटी हुई हैं। मशीनों और कर्मचारियों की मदद से मार्ग को जल्द से जल्द बहाल करने का प्रयास किया जा रहा है।
जिला प्रशासन, पुलिस और श्राइन बोर्ड के वरिष्ठ अधिकारी हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। मौसम विभाग से मिल रहे ताजा अपडेट के आधार पर स्थिति की समीक्षा की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और यात्रा तभी दोबारा शुरू की जाएगी, जब मार्ग पूरी तरह सुरक्षित घोषित कर दिया जाएगा।