प्रेम प्रसंग भी बन रहा पुरुषों में आत्महत्या का कारण
नसीआरबी की रिपोर्ट के अनुसार प्रेम प्रसंग भी पुरुषों की आत्महत्या कारण बन रहा है। 2023 की रिपोर्ट में प्रदेश में प्रेम प्रसंग के चलते 40 लोगों ने जान दी है। इसमें 22 पुरुष और 18 महिलाएं हैं। 2022 की रिपोर्ट में प्रेम प्रसंग में आत्महत्या करने वाले सिर्फ 15 लोग थे जिनमें सात पुरुष और आठ महिलाएं शामिल थीं।
इसके बाद एक साल में प्रेम प्रसंग के चलते आत्महत्या की दर में 166 फीसदी बढ़ोतरी दर्ज हुई है। आर्थिक समस्या भी लोगों को आत्महत्या करने पर मजबूर कर रही है। एक लाख कम आय वाले 241 लोगों ने जीवन लीला समाप्त की। इसमें 120 और 121 महिलाएं शामिल हैं। वहीं एक लाख और पांच लाख से अधिक आय वालों में 108 लोगों ने जान दी है जिसमें 78 पुरुष और 30 महिलाएं हैं। यानी कि आर्थिक तंगी भी आत्महत्या के प्रमुख कारणों में एक है।
आत्महत्या करने वालों में पुरुषों की संख्या इसलिए ज्यादा होती है क्योंकि उनका आत्महत्या का तरीका काफी सटीक होता है। यानी वह उसमें कामयाब होते हैं। महिलाएं आत्महत्या का प्रयास ज्यादा करती हैं लेकिन सफल कम होती हैं। आत्महत्या सबसे ज्यादा फंदा लगाकर की जाती है। नींद की गोलियां व जहर खाना भी बड़ा कारण है। मानसिक स्वास्थ्य को लेकर हमें और ज्यादा गंभीर होना होगा। 2022 के मुकाबले 2023 में आत्महत्या की दर बढ़ना चिंताजनक है। -डॉ. अखिल मीनिया, मनोचिकित्सक