भारत पाकिस्तान अंतर्राष्ट्रीय सीमा पर जीरो लाइन से सटे गांवों में शौचालय की सुविधा देने की विशेष मुहिम शुरू होने जा रही है। सीमावर्ती इलाके के गांव के लिए पहले से ही प्रशासन आदर्श गांव योजना का खाका तैयार कर चुका है, जिसमें चुनिंदा गांव ही लिए जाएंगे।
अब शौचालय की सुविधा को लेकर व्यापक स्तर पर मुहिम शुरू होने जा रही है। इसके तहत जीरो लाइन के सभी 22 गांवों के घरों को शौचालय की सुविधा देने का प्रयास किया जाएगा। इसे लेकर पीएमओ में राज्य मंत्री डाक्टर जितेंद्र सिंह ने जिला प्रशासन को पहले ही हिदायतें दी थीं।
अपनी कई जनसभाओं और बैठकों में डाक्टर सिंह सीमावर्ती इलाकों में महिलाओं के लिए शौचालय की सुविधा देने संबंधी भरोसा दिला चुके हैं। इस बीच प्रशासन अब इस कार्य में जुटने जा रहा है। सीमावर्ती गांवों में विकास को रफ्तार देने के लिए जिला प्रशासन ने संबंधित विभागों को हिदायतें जारी कर दी हैं।
जिला उपायुक्त डाक्टर शाहिद इकबाल ने बताया कि बार्डर एरिया डेवलपमेंट प्रोग्राम के तहत सीमावर्ती लोगों को बुनियादी सुविधाएं देने के लिए अलग से धनराशि मंजूर होती है।
प्रशासन ने केंद्रीय योजनाओं के तहत इससे हटकर भी विकास करवाने की योजना बनाई है। इसी में शामिल जीरो लाइन के सभी बाइस गांवों में शौचालय की सुविधा को प्राथमिकता से देने का काम पूरा करवाया जाएगा।