इससे पहले कुपवाड़ा के तंगधार सेक्टर के करीब साधना टॉप पर दो हिमस्खलन की घटनाओं के चपेट में आने से 11 लोगों की मौत हो गई थी। जबकि इस रेस्क्यू ऑपरेशन में दो लोगों को जिंदा भी बचा लिया गया था, जिसमें एक आठ साल का बच्चा भी शामिल था।
दक्षिण कश्मीर के बांदीपोरा जिले के गुरेज सेक्टर में भी हिमस्खलन में सेना के तीन जवानों शहीद हो गए थे। जबकि जम्मू-कश्मीर के गुलमर्ग में हुई हिमस्खलन की एक अन्य घटना में एक स्वीडिश नागरिक की मौत हो गई और एक को जिंदा बचा लिया गया था।