डेंगू के मामलों का आना जारी है। वीरवार को तीन नए पाजिटिव मामले सामने आए। इसमें जम्मू से दो और सांबा से एक मामला शामिल था। इसमें एक बच्चा भी शामिल है।
इसके साथ जम्मू संभाग में यह आंकड़ा 119 तक पहुंच गया है। अस्पतालों में संदिग्ध बुखार के मरीजों का आना जारी है। इसके साथ स्वाइन फ्लू को लेकर भी सतर्कता बढ़ गई है।
अस्पतालों में एच1एन1 स्वाइन फ्लू वायरस से निपटने के लिए इंतजाम किए जा रहे हैं। हालांकि जीएमसी में टेस्टिंग लैब का निर्माण न होने से इस बार भी पीड़ितों के खून व थूक के सैंपलों की जांच के लिए दिल्ली स्थित सरकारी लैब पर निर्भर रहना पड़ेगा।
पारा गिरने पर डेंगू से थोड़ी राहत मिलेगी, लेकिन उसके बाद स्वाइन फ्लू का हमला हो सकता है। पिछले साल रियासत में रिकार्ड स्वाइन फ्लू के पाजिटिव मामले सामने आए थे।
इसमें कश्मीर के साथ जम्मू संभाग ज्यादा प्रभावित हुआ था। स्वाइन फ्लू के वायरस से निपटने के लिए अस्पतालों में बैठकों का दौर जारी है।
इसमें वैक्सीन से लेकर अन्य तैयारियों को मुक्कमल बनाया जा रहा है। जीएमसी के अधीक्षक डा. रविंद्र रतनपाल के अनुसार स्वाइन फ्लू के लिए तैयारियां की जा रही हैं।