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जम्मू-कश्मीरः आत्मनिर्भर भारत अभियान के तहत किसानों और मछली-पालकों के लिए टास्क फोर्स गठित

Fri, 12 Jun 2020 04:09 PM IST
प्रशांत कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
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खेत में काम करता एक किसान - फोटो : PTI
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आत्मनिर्भर भारत अभियान के तहत जम्मू-कश्मीर सरकार ने किसानों, मछली पालकों के कल्याण व विभिन्न कवायदों, योजनाओं व राहत उपायों को लागू करने के लिए टास्क फोर्स का गठन किया है। सामान्य प्रशासनिक विभाग की तरफ से जारी आदेश के तहत टास्क फोर्स में कृषि, बागवानी, पशु, भेड़ पालन और सहकारिता विभाग के प्रधान सचिव को चेयरमैन बनाया गया है।

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वन और पर्यावरण, फ्लोरीकल्चर विभाग, चिकित्सकीय प्लांट बोर्ड के सीईओ को सदस्य बनाया गया है। टास्क फोर्स पीएम किसान फंड के तहत फ्रंट लोडिंग पेमेंट, पीएम फसल बीमा योजना, कृषि ढांचागत परियोजनाओं में वित्तीय सुविधा मुहैया करवाने सहित इससे जुड़ी परियोजनाओं पर भी काम करेगी। प्रधानमंत्री मत्सय संपदा योजना, मछली पालन के विकास के लिए एकीकृत योजनाओं, मरीन, इनलैंड और एक्वा कल्चर गतिविधियों पर भी काम करेगी।

राष्ट्रीय पशु बीमारी नियंत्रण कार्यक्रम के तहत सौ फीसदी टीकाकरण, दुग्ध उत्पादन के लिए निजी निवेश के सहयोग से पशु पालन ढांचागत विकास फंड, मूल्यांकन वृद्धि और कैटल फीड ढांचागत परियोजनाओं पर भी टास्क फोर्स काम करेगी।
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हर्बल उत्पादों को बढ़ावा देने के तहत चिकित्सकीय पौधो को लगाने के लिए दस लाख हेक्टेयर भूमि को कवर किया जाएगा। मधुमक्खी पालन कवायद व ढांचागत विकास के लिए केंद्र विकसित करना और क्षमता निर्माण, ऑपरेशन ग्रीन के तहत सभी सब्जियो व फलों के उत्पादन के अलावा परिवहन व भंडारण को बढ़ावा देने की दिशा में भी टास्क फोर्स काम करेगी।

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इसके अलावा कृषि मार्केटिंग सुधारों, केंद्रीय कानूनों को लागू करवाने की दिशा में भी काम होगा। टास्क फोर्स प्रत्येक योजना, लाभ व सरकार की तरफ से घोषित रियायतों का अध्ययन करेगी और प्रत्येक योजना को बेहतर तरीके से लागू करवाने के लिए कदम उठाएगी। जम्मू-कश्मीर में 25 जून 2020 तक योजनाओं का लाभ कितने लोगों को मिल रहा है व और कितना लाभ योजनाओं के तहत दिया जा सकता है, इसकी भी जांच की जाएगी।

किन परियोजनाओं के लिए केंद्र सरकार के सहयोग की जरूरत है, इस पर भी अध्ययन होगा। प्रत्येक कवायद के लिए विभागों की तरफ से उठाए जाने वाले निगरानी कदमों की भी जांच होगी और सप्ताह में करीब एक बार टास्क फोर्स की बैठक होगी। उपराज्यपाल व मुख्य सचिव को टास्क फोर्स प्रत्येक 15 दिनों में अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। पहली रिपोर्ट 15 जून को सौंपी जाएगी।
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