श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर में दिव्यांग 15 वर्षीय खुशबू जान ने सरकारी कॉलेज ऑफ फिजिकल एजुकेशन गदूरा में चल रही पहली संघ प्रदेश स्तरीय एथलेटिक मीट में 400 मीटर की दौड़ पूरी कर सभी को स्तब्ध कर दिया। उसने दौड़ पूरी कर इतिहास रचा।
खास बात यह थी कि खुशबू ने यह दौड़ पूरे उत्साह और आत्मविश्वास के साथ मुस्कुराते हुए पूरी की। उसने साबित कर दिया कि खेल सिर्फ जीत-हार का नाम नहीं बल्कि उम्मीद, सशक्तीकरण और मानवीय हौसले का जश्न है। जीसीओपीई के आयोजकों, स्टाफ और छात्रों ने खुशबू के साहस की प्रशंसा की और इसे ऐतिहासिक मील का पत्थर करार दिया। कॉलेज के प्रिंसिपल ने कहा कि आज खुशबू ने हमें असली जीत का मतलब सिखा दिया। खुशबू जान की यह दौड़ अब जम्मू-कश्मीर के खेल इतिहास में हमेशा के लिए दर्ज हो गई है। वह न केवल सैकड़ों युवाओं के लिए प्रेरणा बन गई हैं बल्कि साहस, धैर्य और सच्ची खेल भावना की जीती-जागती मिसाल बन गई हैं। संवाद