श्री गुरु रविदास गुरुद्वारा, कृष्णा नगर में प्रकाशोत्सव समारोह में मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती के भाषण के दौरान एससी/एसटी/ओबीसी कर्मियों की पदोन्नति में आरक्षण की मांग को लेकर नारे गूंजे। सभा के नजदीक बैठे कुछ युवकों ने मुख्यमंत्री को बैनर दिखाकर नारेबाजी की।
इससे कुछ देर के लिए अफरातफरी मच गई। बिरादरी के सदस्यों ने युवकों को शांत करने की कोशिश की, मगर वे नारे लगाते रहे। इस पर मुख्यमंत्री ने खुद उठकर आश्वासन दिया कि वह आरक्षण की मांग पर गौर करेंगी। इसके बाद कड़ी सुरक्षा के बीच मुख्यमंत्री समारोह से लौट गईं।
समारोह में बतौर मुख्यमंत्री अतिथि मुख्यमंत्री अपना भाषण दे रही थीं तभी सभा के आगे बैठे युवक अनिल कुमार और अन्य ने बैनर उठाकर आरक्षण के लिए नारेबाजी करना शुरू कर दी। इस घटनाक्रम को देख मंच पर बैठे सभा के पदाधिकारी भौचक्के रह गए।
किसी को कुछ समझ नहीं आया। बिरादरी से कुछ सदस्यों ने युवकों को सभा से बाहर निकालने की कोशिश की। लेकिन वे नारे लगाते रहे। इस घटना से गुस्साए बिरादरी के कुछ सदस्यों ने अनिल को सभा से बाहर लाते समय हाथापाई की।
पुलिस ने हस्तक्षेप करते हुए अनिल को बाहर लाया। सभा के बाहर अनिल ने खुद को ला छात्र बताते हुए कहा कि वह रैलियों में जाकर थक चुका है। मुख्यमंत्री के सामने आरक्षण की मांग को रखने के लिए ही वह सभा में आया था। मेरा कार्यक्रम खराब करने का कोई इरादा नहीं था।