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Ropeway Protest: माता वैष्णो देवी की ओर जाने वाली रोपवे परियोजना पर बवाल, कटड़ा में 7वें दिन भी रहा हड़ताल

Tue, 31 Dec 2024 05:29 PM IST
निकिता गुप्ता अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू

सार

कटड़ा में रोपवे परियोजना के खिलाफ सातवें दिन भी हड़ताल जारी है, उपवास पर बैठे युवाओं की स्वास्थ्य जांच की गई और श्रद्धालुओं के लिए मुश्किलें बढ़ी।
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कटड़ा रोपवे विरोध प्रदर्शन - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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जम्मू और कश्मीर के रियासी जिले के त्रिकुटा पहाड़ियों में प्रस्तावित रोपवे परियोजना के खिलाफ कटड़ा  जो माता वैष्णो देवी का आधार शिविर है, जहां  7वें दिन भी हड़ताल जारी रही रहा। हड़ताल के समर्थन में आठ युवाओं ने उपवास रखा हुआ है, जो कटड़ा में प्रदर्शन के दौरान गिरफ्तार किए गए 18 लोगों की रिहाई की मांग कर रहे हैं। इन युवाओं के स्वास्थ्य की जांच के लिए स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने मेडिकल चेकअप किया।

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श्री माता वैष्णो देवी संघर्ष समिति ने बुधवार को हड़ताल का घोषणा किया था और कटड़ा में सभी गतिविधियां स्थगित रहेंगी। मंगलवार को, दुकानें, और व्यवसायिक प्रतिष्ठान बंद रहे और नगर में यातायात भी थम गया। यह हड़ताल  कटड़ा में सामान्य जीवन को प्रभावित कर रही है, जहां रोजाना हजारों श्रद्धालु माता वैष्णो देवी के दर्शन के लिए आते हैं।

आठ युवाओं ने उपवास रखा है, वे मांग कर रहे हैं कि उन 18 व्यक्तियों को रिहा किया जाए जिन्हें कटड़ा में रोपवे परियोजना के खिलाफ मार्च के दौरान गिरफ्तार किया गया था। बुधवार के मार्च के दौरान संघर्ष समिति के नेता भूपेंद्र सिंह और सोहन चंद सहित कई प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया गया था।
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इस बीच वर्ष के अंत में कटड़ा में श्रद्धालुओं की संख्या में भारी वृद्धि देखी जा रही है। हजारों श्रद्धालु नए साल के मौके पर माता के दरबार में हाजिरी देने पहुंचे हैं। हालांकि हड़ताल के कारण कई श्रद्धालुओं ने अपनी यात्रा रद्द कर दी है। राजस्थान के जयपुर से आए देवी शरण ने कहा हम अपने परिवारों और देश के लिए आशीर्वाद प्राप्त करने आए हैं, और विश्वास सुविधाओं से कहीं बड़ा है।

पिछले महीने, श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड ने घोषणा की थी कि वे रोपवे परियोजना स्थापित करने की योजना बना रहे हैं, जिससे वरिष्ठ नागरिकों, बच्चों और अन्य लोगों को मंदिर तक पहुंचने में आसानी हो। यह 250 करोड़ रुपये की लागत वाली परियोजना ताराकोट मार्ग को संजी छत से जोड़ने का प्रस्ताव है। 

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