यात्री वाहन संचालकों का भी मिला समर्थन
संवाद न्यूज एजेंसी
सांबा। मानसर सड़क की जर्जर हालत को लेकर स्थानीय लोगों और वाहन संचालकों में भारी रोष है। लोगों का आरोप है कि सड़क की हालत लगातार खराब होती जा रही है, लेकिन प्रशासन, जनप्रतिनिधियों और सीमा सड़क संगठन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है।
स्थानीय निवासी मोहन सिंह,आशु,मोहिंदर सिंह का कहना है कि सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढों के कारण वाहनों का चलना मुश्किल हो गया है और आए दिन वाहन खराब हो रहे हैं। उनका आरोप है कि सड़क बीआरओ के अधीन होने के बावजूद नियमित मरम्मत नहीं की जा रही। लोगों का यह भी कहना है कि जब सड़क लोक निर्माण विभाग के अधीन थी, तब कम से कम समय-समय पर रखरखाव होता था, लेकिन अब स्थिति और भी खराब हो गई है।
इसी मुद्दे को लेकर स्थानीय लोगों ने आगामी सोमवार को आंदोलन करने का फैसला लिया है। आंदोलन के तहत सांबा–मानसर मार्ग पर चलने वाली सभी यात्री गाड़ियां बंद रखने की तैयारी की जा रही है। वाहन संचालकों का दावा है कि बटल रोड, नड रोड तथा उधमपुर और बिलावर रूट के वाहन चालकों ने भी आंदोलन को समर्थन देने की सहमति जताई है।
लोगों का कहना है कि अब सड़क की समस्या का समाधान केवल आंदोलन के जरिए ही संभव है। उन्होंने स्पष्ट किया कि आंदोलन में शामिल होना पूरी तरह स्वैच्छिक होगा और किसी पर कोई दबाव नहीं डाला जाएगा। लोगों ने क्षेत्रवासियों से सड़क की समस्या के समाधान के लिए एकजुट होकर आंदोलन में भाग लेने की अपील की है।
स्थानीय लोगों ने कहा कि बीआरओ की मशीनें भी मरम्मत कार्य के लिए समय पर नहीं पहुंचतीं और केवल औपचारिकता निभाकर लौट जाती हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द सड़क की व्यापक मरम्मत शुरू नहीं की गई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।