फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

छात्र की हत्या पर उबाल, सतवारी चौक पर शव रखकर किया प्रदर्शन, मुंशी अटैच

विज्ञापन
विज्ञापन
जम्मू। पुराने सतवारी में 14 वर्ष के रित्विक कुमार की हत्या मामले में सोमवार को लोगों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। पोस्टमार्टम के बाद छात्र का शव सतवारी चौक पर रखकर तीन घंटे तक जोरदार नारेबाजी की गई। इंसाफ के लिए सैकड़ों लोग पहुंचे। लोगों ने आरोप लगाया कि पुलिस की लापरवाही की वजह से बच्चे की जान गई है। लोगों ने चट्ठा पुलिस चौकी के मुंशी को वारदात के लिए जिम्मेदार ठहराया। इन आरोपों को देखते हुए एसपी साउथ ने मुंशी मोहम्मद शफी को सतवारी पुलिस स्टेशन अटैच कर दिया है। साथ ही इन आरोपों की जांच के आदेश दिए हैं।
विज्ञापन

रित्विक कुमार पांच दिन पहले अपने घर से लापता हो गया था। रविवार को उसका शव घर के पास खेत में पड़ा मिला। सोमवार को डाक्टरों के बोर्ड ने मृतक बच्चे का पोस्टमार्टम किया। इसके बाद लोग शव लेकर सतवारी चौक पर पहुंच गए। यहां चारों तरफ से चौक को बंद कर दिया और नारेबाजी की। मामला उग्र देखते हुए क्षेत्र के एसडीएम और एसपी भी मौके पर पहुंच गए। लोगों ने कहा कि रित्विक की हत्या उसके घर के पास रहने वाले एक प्रवासी व्यक्ति के परिवार ने की है। जो मूल रूप से लखनऊ के रहने वाले हैं। चट्ठा पुलिस चौकी के मुंशी मोहम्मद शफी का घर भी आरोपी के घर के साथ है। इसलिए लापता होने की शिकायत दर्ज होने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की गई। यदि पुलिस ने कार्रवाई की होती तो बच्चे की जान बच जाती। पांच दिन आरोपियों ने बच्चे को अपने घर में रखा। पता नहीं कितना प्रताड़ित करके उसकी जान ली। उसका चेहरा तक जलाने की कोशिश की। इन तमाम शिकायतों को एसपी दीपक ढींगरा ने सुना और कहा कि उन्होंने चौकी के मुंशी को अटैच कर उसके खिलाफ जांच के आदेश दे दिए हैं। पूरे मामले की जांच होगी। इस आश्वासन के बाद लोग सड़क से हटे। शाम को रित्विक का संस्कार कर दिया गया।
---
मोबाइल के लिए गला दबाकर मार डाला, फिर शव का चेहरा बिगाड़ा
जम्मू। पुलिस की प्रारंभिक जांच में छात्र की हत्या के पीछे मोबाइल फोन को वजह बताया जा रहा है, जिसके लिए मृतक के दोस्त ने उसकी गला दबाकर हत्या कर दी। बाद में पहचान छिपाने के लिए चेहरे को बिगाड़ दिया।
विज्ञापन

अब तक की जांच के अनुसार रित्विक के दोस्त ने पांच दिन पहले उसे घर से बुलाया था। दोस्त की आयु भी 14 से 15 साल के बीच ही है। घर के पास ही एक घने पेड़ों वाला इलाका है। रित्विक के दोस्त ने उससे कहा कि वह उसे तोते दिखाएगा। वहां पर तोतों का घोंसला है। उनको पिंजरे में कैद कर लेंगे। वहां पहुंचने पर रित्विक और उसका दोस्त रित्विक के मोबाइल फोन पर गेम्स खेलने लगे। दोनों लूडो गेम खेल रहे थे। तभी रित्विक के दोस्त ने कहा उसे उसका मोबाइल चाहिए। क्योंकि दूसरे दोस्तों के साथ ही लूडो गेम खेलना होता है, लेकिन उसके पास मोबाइल फोन नहीं है। जब रित्विक ने मोबाइल देने से इंकार कर दिया तो उसके दोस्त ने उसका गला दबाया। गला दबाने से रित्विक की मौत हो गई। मौत से घबराए इस लड़के ने रित्विक की पहचान छिपाने के लिए उसके मुंह पर ईंटों से कई प्रहार किए। हत्या करने के बाद रित्विक का दोस्त उसका मोबाइल फोन लेकर आ गया। हालांकि बताया यह भी जा रहा है कि चेहरे पर तेजाब फेंका गया। जिसकी अभी कोई पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस ने इस मामले में 363 और 302 के तहत केस दर्ज कर तीन लोगों को हिरासत में लिया है। मुख्य आरोपी किशोर ही है जिससे पूछताछ जारी है।
किसके सहारे जिएगी मां
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से कहा कि रित्विक अपने मां बाप का अकेला बेटा था। उसके पिता भी काम नहीं कर पाते। मां मुश्किल से काम करके अपना गुजारा करती है। प्रशासन को चाहिए कि उसकी मां को सरकारी नौकरी दे, ताकि उसका गुजारा हो सके।
कड़ी कार्रवाई हो
रित्विक के गांववासियों का आरोप है कि हत्या एक प्रवासी व्यक्ति के परिवार ने की है। उनको डर है कि कहीं उनके भी बच्चों के साथ ऐसा न हो। ऐसे लोगों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।
प्रवासी व्यक्ति को पीट दिया
प्रदर्शन करने वाली महिलाएं इतनी दुखी और गुस्से में थीं कि सतवारी चौक पर पास से गुजरने वाले एक प्रवासी व्यक्ति को उनके गुस्से का शिकार होना पड़ा। महिलाओं ने इस व्यक्ति की जमकर पिटाई कर डाली। पुलिस के हस्तक्षेप से व्यक्ति को छुड़ाया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें