भारत-पाकिस्तान
अंतर्राष्ट्रीय सीमा पर गोलाबारी ने स्थानीय ग्रामीणों को सहमा दिया है।
रविवार शाम से शुरू हुई गोलाबारी देर रात तक जारी रहने से जीरो लाइन के
आवासीय इलाकों में बदहवासी छा गई। लंबी रेंज के मोर्टार फिर आवासीय इलाकों
के आसपास गिरने लगे, जिससे कई घरों से निकलकर ग्रामीण इधर-उधर शरण लेने को
मजबूर हो गए।
सोमवार की सुबह छन्नलाल दीन सहित सीमा से बिल्कुल सटे
मादा, पहाड़पुर और महराजपुर के ग्रामीणों ने ताजा हालात के लिए पाकिस्तान
के साथ रियासत और केंद्र सरकार पर भी रोष जताया। छन्नलाल दीन के रहने वाले
ग्रामीण सुरजीत सिंह ने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच के तनाव का
खामियाजा सरहदी इलाके के ग्रामीणों को भुगतना पड़ता है।
आए दिन सीमा
पर गोलीबारी से लेकर मोर्टार दागे जाते हैं। रविवार शाम छह बजे से की जा
रही गोलाबारी में आवासीय इलाकों को निशाना बनाया गया है।