संयुक्त राष्ट्र महासचिव बान की मून ने कहा है कि भारत और पाकिस्तान की ओर से अनुरोध मिलने पर मैं कश्मीर मसला हल करने में सहयोग करने को तैयार हूं। संयुक्त राष्ट्र महासचिव ने साथ ही दोनों देशों से ऐसी बातचीत बहाल करने को भी कहा है, कि जिससे उनके (दोनों देशों के) और इस क्षेत्र के सुरक्षा हितों को पूरा किया जा सके।
उन्होंने जम्मू-कश्मीर में शांति के लिए वार्ता की जरूरत पर बल देते हुए कहा, मैं एक बार फिर दोनों सरकारों को वार्ता बहाल करने और विश्वास बहाली के उपायों की पहचान करने के लिए प्रोत्साहित करता हूं ताकि कश्मीर पर समझौता हो और वह दोनों देशों एवं इस क्षेत्र के सुरक्षा हितों को पूरा किया जा सके।
संयुक्त राष्ट्र महासचिव ने कहा कि इस प्रक्रिया में कश्मीरियों को साथ लेने और उनके अधिकारों का सम्मान करने की जरूरत पर भी बल दिया। यूएन महासचिव के बयान से साफ जाहिर है, कि कश्मीरियों को बातचीत में शामिल करने को जिस तरह से मून के बयान में रेखांकित किया गया है, यह सामान्य नहीं है।