राज्यसभा के उपसभापति चुनाव को लेकर नेशनल कांफ्रेंस के उपाध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती के बीच मंगलवार को ट्विटर वार हुआ। दरअसल उमर ने महबूबा पर उप सभापति चुनाव में यूपीए और एनडीए दोनों के उम्मीदवार को समर्थन देने के आश्वासन का ट्वीट किया। इसके बाद महबूबा ने हमलावर रुख अख्तियार करते हुए जवाब दिए। इसके साथ ही दोनों के बीच ट्वीट वार शुरू हो गया।
सबसे पहले उमर ने ट्वीट कर कहा कि महबूबा ने कांग्रेस से यूपीए और बीजेपी से एनडीए के उम्मीदवार को समर्थन देने का आश्वासन दिया है। उन्होंने सवाल किया कि आखिर यह कैसे संभव होगा कि वह दोनों को एक साथ समर्थन दें। फौरन महबूबा ने जवाब न देते हुए केवल एक इमोजी से जवाब दिया। फिर उमर ने कहा कि आपका ट्विटर अकाउंट जो भी संभालता है, उसे नमन है। उसके पास अच्छा सेंस ऑफ ह्यूमर है। सटीक इमोजी का इस्तेमाल किया है। जवाब में उन्होंने भी एक इमोजी का इस्तेमाल किया।
उमर और महबूबा का ट्वीट वॉर
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फिर महबूबा ने ट्वीट कर सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों के उम्मीदवारों को समर्थन देने के बयान को झूठी खबर और कल्पना करार दिया। उमर को जवाब देते हुए ट्वीट किया कि आमतौर पर संदिग्ध न्यूज चैनलों की ओर से झूठी खबरें चलाई जाती है, लेकिन जब उमर जैसे राजनीतिज्ञ पूरी तरह से कल्पना पर आधारित कहानियां गढ़ते हैं तो ऐसे भ्रमित करने की कोशिश विफ ल हो जाती है। ऐसे खतरनाक दुष्प्रचार से सच्चाई को क्षति होती है और लोगों को गुमराह करने की कोशिश होती है। फिर उमर ने ट्वीट कर कहा कि उन्होंने जो कुछ भी कहा है उससे किसी को चुभन हुई है।
महबूबा और उमर के बीच हुआ ट्वीट वॉर
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इस बीच तनवीर सादिक ने ट्वीट किया कि महबूबा दिल्ली में हैं जो राज्यसभा में भाजपा को वोट देकर अपने विष के प्याले को शुद्ध जल के प्याले में बदलने में लगी हुई हैं। फिर महबूबा ने कहा कि फिर झूठी खबर। मैं उमर को बधाई देना चाहता हूं। इसके बाद उमर ने ट्वीट किया कि पीडीपी भाजपा के आगे नतमस्तक है और वह विपक्ष के उम्मीदवार के खिलाफ वोट देगी। लग रहा है कि महबूबा विष के प्याले से चुस्की लेते हुए खुश हैं। उपसभापति चुनाव को लेकर राजनीति और बयानबाजी तेज हो गई है। इसको लेकर नेकां नेता उमर अब्दुल्ला और पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती के बीच ट्विटर वार हुआ।
पीडीपी उपसभापति चुनाव में नहीं लेगी हिस्सा
पीडीपी ने उपसभापति के लिए होने वाले चुनाव में हिस्सा नहीं लेने का फैसला लिया है। पार्टी प्रवक्ता मोहम्मद रफी मीर ने ट्वीट कर कहा कि पीडीपी चुनाव में हिस्सा नहीं लेगी। उमर के ट्वीट के तत्काल बाद उन्होंने कहा कि उमर कृपया कर विरोधियों की जानकारी रखने के बजाय अपनी पार्टी के प्रति अधिक केंद्रित हों। उमर के ट्वीट का कोई आधार नहीं है क्योंकि पार्टी ने वोटिंग में शामिल न होने का फैसला किया है। ज्ञात हो कि पीडीपी के राज्यसभा में दो सांसद हैं।