एक बार फिर भारत-पाक नियंत्रण रेखा पर बनी चक्का दा बाग की 'राहे मिलन' खोली गई। यहां कुछ परिवार अपनों से मिलकर लौटे तो कुछ अपनों से मिलने पाकिस्तान गए। इस दौरान 55 परिवार भारत-पाक नागरिक आर-पार हुए।
दोपहर 12.50 बजे भारत-पाक नियंत्रण रेखा पर चक्कां दा बाग की राहे मिलन खोली गई। सर्वप्रथम पुंछ-रावलाकोट बस में सवार होकर 20 लोग पाक अधिकृत क्षेत्र गए। जिनमें 8 भारतीय नागरिक पहली बार अपनों से मिलने उस पार गए, जबकि 12 पाक नागरिक भारत में अपने रिश्तेदारों के पास एक महीना बिताकर वतन लौटे।
वहीं पाक अधिकृत क्षेत्र से रावलाकोट-पुंछ बस में सवार होकर 35 लोग चक्का दा बाग की राहे मिलन पार कर भारतीय क्षेत्र में पहुंचे। जिनमें पाक 32 नागरिक पहली बार भारत में बसे अपने रिश्तेदारों से मिलने और उनके साथ ईद मनाने के लिए इस पार आए, जबकि 3 भारतीय नागरिक पीओजेके में अपने रिश्तेदारों के पास एक महीना बिताकर घर लौटे।
इससे पहले सुबह 9 बजे से ही नगर स्थित स्पोर्ट स्टेडियम में बड़ा ही मार्मिक वातावरण बना हुआ था। जहां पर लोग बरसों बाद मिले अपने रिश्तेदारों से दोबारा बिछुड़ने के गम में आंसू बहाते हुए उनसे गले मिलकर विदाई दे रहे थे।