दक्षिणी कश्मीर के पुलवामा जिले में डाक्टरों की लापरवाही के चलते गर्भवती की मौत पर दूसरे दिन भी गुरुवार को शहर बंद रहा। वहीं लोगों के आक्रोश को ठंडा करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने 62 पैरामेडिकल स्टाफ की बदली की। सभी दुकानें और कारोबार बंद रहे। गौरतलब है कि बंद का आह्वान लाजुरा पुलवामा की रहने वाली खुर्शी बानो की बुधवार को डाक्टरों की लापरवाही से हुई मौत के बाद किया गया था।
इसके पूर्व भी पुलवामा के इसी सब-डिस्ट्रिक्ट अस्पताल में रुकसाना अख्तर नाम की एक और गर्भवती की डाक्टरों की लापरवाही के चलते मौत हुई थी। इतना ही नहीं रुकसाना के नवजात बच्चे की भी इस दौरान मौत हुई थी, जिसके बाद से स्थानीय लोगों में काफी गुस्सा था।
जिला प्रशासन ने लापरवाही के आरोप में डा. ताहिरा रसूल, डा. तस्लीमा और एक स्टाफ नर्स ताहिरा को बीएमओ सोपोर के साथ अटैच कर दिया। उधर, इस संबंध में जिला प्रशासन द्वारा बैठक की गई। जिसमें लिए गए फैसले में 62 पैरामेडिकल स्टाफ की बदली की गई। बैठक में जिला आयुक्त के अलावा स्वास्थ्य विभाग के डिप्टी डायरेक्टर, सीएमओ पुलवामा और स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी भी मौजूद थे।