जम्मू। जिले की बाहु तहसील के गांव सुंजवां और चौआदी गांव के राजस्व दस्तावेजों के गायब होने के मामले में पटवारियों की गिरफ्तारियों के विरोध में पटवारी और गिरदावर उतर आए हैं। शुक्रवार को एकजुटता दिखाते हुए संभाग के दस जिलों में कामकाज ठप रखा। वहीं, जम्मू उपायुक्त कार्यालय के बाहर प्रमुख धरना दिया गया, जिसमें जिला स्तर के प्रधान शामिल हुए। उधर, पटवारियों ने शनिवार को यूटी स्तर पर कामकाज ठप रखने का एलान किया है। हालांकि गत दिवस पुलिस ने इस मामले में एक पटवारी को छोड़ दिया था। लेकिन पटवारी सभी पटवारियों को छोड़ने और उनकी अन्य मांगों पर जल्द गौर करने पर अड़े हुए हैं।
उपायुक्त कार्यालय परिसर में पटवारियों और गिरदावरों ने अपना आंदोलन जारी रखा है। इस दौरान मांगों को लेकर प्रदेश प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। वक्ताओं ने कहा कि पटवारी और गिरदावर ईमानदारी से काम कर रहे हैं, लेकिन उन्हें विश्वास में लिए बिना कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पटवारी एसोसिएशन के संभागीय प्रधान संदीप कोहली ने कहा कि शनिवार को यूटी स्तर पर पटवारियों और गिरदावरों से कामकाज ठप रखने की काल दी गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि राजस्व रिकार्ड गायब होने के मामले में पटवारियों और अन्य अधिकारियों को वेवजह परेशान किया जा रहा है। वह हर जांच में सहयोग देने के लिए तैयार हैं। जांच के नाम पर किसी को भी बुलाकर गिरफ्तार किया जा रहा है। पटवारी और गिरदावर अपने हितों के लिए अपने आंदोलन को तेज करेंगे। सरकार को सही तथ्यों के आधार पर कार्रवाई करनी चाहिए।
हड़ताल से राजस्व कामकाज प्रभावित
पटवारियों और गिरदावरों की कामछोड़ हड़ताल से राजस्व कामकाज प्रभावित हो रहा है। वर्तमान में राजस्व रिकार्ड के विस्तार कार्य के साथ अन्य कार्यों में पटवारियों को लगाया गया था, जो बंद पड़ा है। हड़ताल से मौजूदा राजस्व रिकार्ड का विस्तार, बेरोजगार प्रमाणपत्र, सत्यापन, आय प्रमाणपत्र, एससी, ओबीसी प्रमाण पंत्र, इंतकाल, जमावंदी, निशानदेही आदि गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं। प्रशासन की ओर से भी व्यापक स्तर पर वैकल्पिक व्यवस्थाएं नहीं की जा सकी हैं।