अरनिया। कस्बे के किसानों को बारिश का इंतजार है। करीब एक माह से बारिश न होने से गेहूं की फसल पर सूखे का संकट गहराता जा रहा है। सिंचाई के लिए नहरों में भी पानी नहीं हैं। बारिश के अलावा किसानों के पास कोई विकल्प नहीं है। अगर एक दो दिन में बारिश न हुई तो संकट बढ़ जाएगा।
किसान अश्विनी कुमार, गार सिंह, मोहिंदर पाल, दलीप सिंह, अंशु सैनी व सुरेश कुमार आदि ने कहा कि करीब एक माह से बारिश नहीं होने से गेहूं के खेतों में नमी गायब हो चुकी है। जिनके पास सिंचाई के विकल्प हैं, वह तो फसल को सूखने से बचा लेंगे, लेकिन जो सिर्फ नहरों पर ही निर्भर हैं, उनके लिए मुश्किलें पैदा हो सकती हैं। किसानों ने कहा कि सिंचाई के लिए नहरें भी सूखी पड़ी हैं और अपनी फसल को बचाने के लिए बारिश ही एक मात्र विकल्प है। हालांकि किसानों को एक दो दिन में बारिश होने की उम्मीद है।