शीतकालीन राजधानी जम्मू में दरबार खुलने के पहले ही दिन सियासत गर्मा जाएगी। रियासत में विपक्षी दल कांग्रेस ने पीडीपी-भाजपा गठबंधन सरकार पर हर क्षेत्र में नाकाम रहने का आरोप लगाते हुए नौ नवंबर को सचिवालय घेराव के लिए कमर कस ली है।
सचिवालय घेराव में पार्टी के विभिन्न संगठनों के हजारों नेताओं, कार्यकर्ताओं के हिस्सा लेने का दावा कांग्रेस कर रही है। शनिवार को प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय शहीदी चौक में पत्रकार वार्ता में प्रदेश युवा कांग्रेस अध्यक्ष प्रणव शगोत्रा ने कहा कि प्रदेश कांग्रेस के झंडे तले युवा कांग्रेस कार्यकर्ता भी सचिवालय घेराव में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेंगे।
उन्होंने कहा कि प्रदेश युवा कांग्रेस की हाल ही में समाप्त हुई राज्य व्यापी युवा आक्रोश यात्रा में करीब एक लाख युवाओं ने सरकार की युवा विरोधी नीतियों के खिलाफ आवाज उठाते हुए हस्ताक्षर अभियान में हिस्सा लिया। प्रदेशाध्यक्ष गुलाम अहमद मीर की अगुवाई में कांग्रेस सचिवालय घेराव के लिए तैयार है।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से रियासत के लिए एलान किए गए वित्तीय पैकेज में युवाओं की अनदेखी पर भी नाराजगी जताई। शगोत्रा ने कहा कि दरबार खुलने के पहले ही दिन कांग्रेस और युवा वर्ग का गुस्सा सड़क पर दिखेगा। सरकार ने जो वादे युवाओं और रियासत की जनता से किए थे उसे वह पूरा नहीं कर पाई।