रियासत के सरकारी अस्पतालों में मरीजों को जेनरिक दवाइयां मिलना शुरू हो जाएंगी। इन दवाइयों से मरीजों को काफी राहत मिलेगी। जेएंडके मेडिकल परचेज कारपोरेशन के सक्रिय होने के साथ राज्य में करीब साढ़े बारह करोड़ रुपये से ऐसी 41 दुकानें अस्पतालों में अलाट की जा रही हैं।
अस्पतालों में आधुनिक उपकरण लगाकर लैबों में मरीजों को निशुल्क टेस्ट देने की सुविधा पर भी शीघ्र काम किया जाएगा। स्वास्थ्य मंत्री लाल सिंह का कहना है कि टेंडरिंग प्रक्रिया को शुरू कर दिया गया है। इसमें दवाओं के साथ उपकरण खरीदे जाएंगे।
दवाइयों की उपलब्धता के बाद राज्य के सभी 22 जिलों में डाक्टरों पर मरीजों को इलाज में जेनरिक दवाइयां देने पर जोर दिया जाएगा। इसमें अगर डाक्टर अपनी मनपसंद कंपनियों की दवा मरीज को लिखकर देता है तो उसकी रिपोर्ट ली जाएगी।
मरीजों को दवाओं और अन्य उपकरण सहित 422 आइटम का लाभ दिया जाएगा। नर्सिंग होम और निजी लैबों द्वारा मरीजों से मनमाने दाम वसूलने को भी नोटिस में लिया गया है। इसके लिए सख्ती की जाएगी।