पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला
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जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेकां के कार्यकारी अध्यक्ष उमर अब्दुल्ला ने कश्मीर में विद्यार्थियों के प्रदर्शन से निपटने के लिए सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। ट्विटर पर उमर अब्दुल्ला ने कहा कि घाटी में विद्यार्थियों के आंदोलन के प्रभावों के बारे में महबूबा मुफ्ती विचार करेगी ऐसी उन्हें उम्मीद है।
पुलवामा मेें हुई झड़पों के बाद सभी कालेजों व विश्वविद्यालयों को कुछ दिनों के लिए क्यों बंद नहीं किया गया। क्या महबूबा मुफ्ती स्थिति को भांप नहीं पाई। उमर ने लिखा कि विद्यार्थी सुरक्षा बलों पुलवामा डिग्री कालेज में हुई झड़प में सुरक्षा बलों की कथित भूमिका के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं।
उन्होंने कहा है कि महबूबा की अगुवाई में सरकार नेतृत्व और रियासत के लोगों को दिशा दिखाने में नाकाम रही है। प्रत्येक दिन महबूबा मुफ्ती की नाकामी के सबूत मिल रहे हैं।