पहले चरण में बंपर वोटिंग से पस्त हुए अलगाववादियों को दूसरे चरण के मतदान में भी अपनी शिकस्त अभी से नजर आने लगी है। मतदाताओं को डराने-धमकाने की कोशिशें बेअसर हैं। अलगाववादी मतदान प्रतिशत कम रखने में अपनी तरफ से कोई कसर नहीं छोड़ रहे।
दूसरे चरण में अलगाववादियों का गढ़ माने जाने वाले कुपवाड़ा और कुलगाम जिले की नौ विधानसभा सीटों पर मतदान होना है। यहां दो दिसंबर को वोट डाले जाएंगे। एक बार फिर से चुनाव बहिष्कार का कॉल किया गया है। जगह-जगह पोस्टर चिपकाए गए हैं। फोन पर चुनाव से दूर रहने की धमकी देने वाले कुछ युवक पकड़े भी गए हैं।
पाकिस्तान की ओर से चुनाव में गड़बड़ी फैलाए जाने की नापाक कोशिशें भी जारी हैं। इसी के तहत कई स्थानों पर आतंकी हमले किए गए। बुलेट पर बैलेट भारी पड़े. इसके लिए चुनाव आयोग तथा सुरक्षा एजेंसियों ने व्यापक तैयारियां की हैं।