बारिश और बाढ़ के कहर के बाद भी लोगों की मुसीबतें कम होने का नाम नहीं ले रहीं। आलम यह है कि लोगों को बिजली, पानी और राशन जैसी रोजमर्रा की वस्तुओं के लिए परेशान होना पड़ रहा है। पिछले एक हफ्ते से पहाड़ी इलाकों में लोग अंधेरे में जिंदगी बसर कर रहे हैं। जबकि पानी के लिए उन्हें नदियों का सहारा है।
राशन की जगह लोग मक्की खाकर गुजारा कर रहे हैं। राजोरी का बुद्धल इलाका सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ है। इसे राज्य के अन्य हिस्से से जोड़ने वाला पुल टूट चुका है। इससे लोग कैद होकर रह गए हैं। जानकारी के अनुसार, अभी तक राजोरी शहर, सुंदरबनी, नौशेरा, मांजाकोट, थन्नामंडी और दरहाल के इलाकों में ही बिजली बहाल हो पाई है।
जबकि इन क्षेत्रों के पहाड़ी इलाकों में अभी बिजली सप्लाई बहाल नहीं हो पाई है। जगह-जगह ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त होने और खंभों के टूट जाने के कारण बिजली बहाल नहीं हो पाई। इन क्षेत्रों में बिजली विभाग का पहुंच पाना भी मुश्किल हो रहा है। क्योंकि जगह-जगह रास्तों पर पस्सियां गिरी हुई हैं। अभी भी रास्तों पर फिसलन बनी हुई है।