राज्यपाल एनएन वोहरा के आतंक संबंधी मामलों पर केंद्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) के अधिकारों को बढ़ाने के लिए रियासत की रणवीर दंड संहिता (आरपीसी) को एनआईए एक्ट की परिधि में लाने के बयान पर जम्मू कश्मीर की सियासत गर्मा गई है।
रियासत के सियासी दलों में नेशनल कांफ्रेंस और सीपीएम में राज्यपाल के बयान पर आपत्ति जताई है। हालांकि भाजपा ने आतंकवाद पर सख्त कदम उठाने की बात कही है।
लेकिन राज्यपाल के बयान पर कोई सीधी प्रतिक्रिया न देकर बयान का अध्ययन करने की बात कही है। पीडीपी ने भी बयान का अध्ययन करने की बात कही है।