युवाओं को अर्धसैनिक बलों में भर्ती के लिए तैयार करने और डिजिटल साक्षरता बढ़ाने के उद्देश्य से दो महत्वपूर्ण कार्यक्रम शुरू
निशुल्क प्रवेश परीक्षा प्रशिक्षण और कंप्यूटर कोर्स का युवा उठा सकेंगे लाभ
परगवाल। सीमा सुरक्षा बल न केवल देश की सीमाओं की सुरक्षा करता है, बल्कि सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए भी प्रयासरत है। बीएसएफ की इस पहल से सरहदी क्षेत्रों में शिक्षा और रोजगार की नई राहें भी खुलेंगी।
इसी कड़ी में बीएसएफ की 195वीं वाहिनी ने मंगलवार को सरहद पर रहने वाले युवाओं को अर्धसैनिक बलों में भर्ती के लिए तैयार करने और डिजिटल साक्षरता बढ़ाने के उद्देश्य से दो महत्वपूर्ण कार्यक्रम शुरू किए हैं। इन कार्यक्रमों के तहत युवाओं निशुल्क प्रवेश परीक्षा की तैयारी, शारीरिक प्रशिक्षण और कंप्यूटर शिक्षा दी जाएगी, जिससे उन्हें रोजगार के बेहतर अवसर मिल सकें। मंगलवार को आयोजित इन कार्यक्रमों का उद्घाटन द्वितीय कमान अधिकारी संजीव कुमार ने किया और युवाओं को करियर मार्गदर्शन व प्रेरणा प्रदान की।
प्री-रिक्रूटमेंट कोर्स से युवाओं को मिलेगी तैयारी
पहला कार्यक्रम सीमा चौकी जमना वेला में आयोजित हुआ, जहां 14 दिनों तक चलने वाले प्री-रिक्रूटमेंट कोर्स में युवाओं को अर्धसैनिक बलों में भर्ती परीक्षा की तैयारी और शारीरिक रूप से फिट होने के लिए प्रशिक्षित किया जाएगा। इसके लिए बीएसएफ के तीन अनुभवी प्रशिक्षकों को नियुक्त किया गया है। इस कोर्स के लिए 18 से 20 वर्ष की उम्र के 50 युवाओं का चयन किया गया है।
द्वितीय कमान अधिकारी संजीव कुमार ने युवाओं से संवाद कर उनके सवालों के जवाब दिए और सफलता के मंत्र साझा किए। उन्होंने युवाओं को न केवल पढ़ाई में उत्कृष्टता प्राप्त करने बल्कि देश सेवा में योगदान देने के लिए भी प्रेरित किया। इस मौके पर युवाओं को किताबें, पेन, पेंसिल और कॉपियां भी वितरित की गईं।
कंप्यूटर कोर्स से मिलेगा डिजिटल कौशल
दूसरा कार्यक्रम सीमा चौकी देवरा में आयोजित हुआ, जहां सरहद से लगे गांवों के करीब 30 छात्र-छात्राओं को स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम के तहत कंप्यूटर कोर्स का प्रशिक्षण दिया जाएगा। यह प्रशिक्षण शिविर एक महीने तक चलेगा, जिसमें क्षेत्र के ही पढ़े-लिखे युवा प्रशिक्षकों को कोचिंग देने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। वे छात्रों को कंप्यूटर का बुनियादी प्रशिक्षण देंगे, जिससे वे डिजिटल युग में खुद को सक्षम बना सकें।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि ने कहा कि सीमा सुरक्षा बल न केवल सरहद की रक्षा कर रहा है, बल्कि सरहदी युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए भी प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य स्थानीय युवाओं की प्रतिभा को पहचानना और उनके करियर की प्रगति के लिए सही मार्गदर्शन प्रदान करना है। संवाद