विभिन्न क्षेत्रों से कई प्रतिनिधिमंडलाें ने बुधवार को मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती से मुलाकात की। त्राल शहर के निवासियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने नागबरन, और नाबाबल को पर्यटन मानचित्र पर लाने, हजरत अमीर आई कबीर (आरए) की दरगाह में काम करने की मांग की। उन्होंने शहर में एक औषधीय पौधा संस्थान और लड़कियों के कॉलेज की स्थापना की भी मांग की। सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के कर्मचारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने राज्य में पीएसयू के विलय के लिए एक व्यापक नीति तैयार करने की मांग की।
इस मौके पर एसआरटीसी के कर्मचारियों के एक अन्य प्रतिनिधिमंडल ने नए वाहन खरीदने के लिए निगम को पर्याप्त वित्तीय पैकेज मांगा। इनके द्वारा विभिन्न विभागों और एजेंसियों द्वारा निगम की देनदारी को जारी करने की भी मांग की गई तथा केएएस अधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने सेवा के सदस्यों के लिए पदोन्नति में ठहराव को हटाने की मांग की, तो वहीं स्नातक इंजीनियरों की एक प्रतिनिधिमंडल ने भी अपनी सेवा के बेहतर कैडर प्रबंधन की मांग की।
व्याख्याताओं के एक अन्य प्रतिनिधिमंडल ने अन्य सेवाओं के साथ अपने वेतनमान में समानता मांगी। एश्मुकाम से एक प्रतिनिधिमंडल ने प्रस्तावित डिग्री कॉलेज में काम शुरू करने के अलावा क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं को बढ़ाने की मांग की। इतना ही नहीं लिथो अखबार मालिक और हजरतबल निवासियों के कई अन्य प्रतिनिधिमंडलों ने भी मुख्यमंत्री से मुलाकात की और उन्हें उनकी मांगों और कठिनाइयों से अवगत कराया। मुख्यमंत्री ने उन्हें आश्वासन दिया कि सरकार द्वारा उनकी मांगों पर उचित कार्रवाई की जाएगी।