बिलावर में जल शक्ति विभाग और लोक निर्माण विभाग के अस्थाई कर्मियों ने बैठक की। इस दौरान दोनों विभागों में तैनात अस्थाई कर्मियों ने सरकार से जल्द स्थायी करने की मांग की। वहीं बकाया वेतन जारी करने की मांग को भी उठाया। अस्थाई कर्मियों के प्रधान बीरबल जलमेरिया ने कर्मियों को संबोधित करते हुए कहा कि प्रदेश के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने उनसे वादा किया था कि 15 जनवरी के बाद सरकार की ओर से कर्मियों को बकाया वेतन के साथ-साथ उन्हें स्थायी किया जाएगा। लेकिन निर्धारित समय के बाद भी इस सरकार उनकी सुध नहीं ली है।
अस्थायी कर्मी कमलेश ने कहा कि पिछले 60 महीनों का बकाया वेतन भी उन्हें नहीं दिया गया है। इससे आर्थिक तंगी से जूझना पड़ रहा है। जगदीश ने कहा कि कई महीनों बाद अक्टूबर महीने में उन्हें सरकार की ओर से 24 दिन का वेतन जारी किया गया था। इसके बाद उन्हें वेतन जारी नहीं हुआ है। मुश्ताक अहमद ने कहा कि बिना वेतन के उन्हें आर्थिक तंगी से जूझना पड़ रहा है।
सुभाष ने कहा कि वेतन नहीं मिलने से लोहड़ी पर्व और मकर संक्रांति पर्व भी फीका रहा। उम्मीद थी कि सरकार जल्द उन्हें स्थायी करने के लिए कोई नीति बनाएगी। लेकिन आज तक सरकार की ओर से कोई भी कदम नहीं उठाया गया है। अस्थाई कर्मियों ने सरकार से मांग की कि जल्द उन्हें बकाया वेतन जारी करने के स्थायी करने के लिए कोई नीति बनाई जाए, अन्यथा एक बार फिर काम छोड़ हड़ताल करने को मजबूर हो जाएंगे। इस मौके पर अल्ताफ हुसैन, सुभाष चंद्र, अमित सहित अन्य कर्मी मौजूद रहे।