कठुआ के बरनोटी ब्लाक का बुद्धि गांव। पानी के लिए त्राहिमाम मचा था। प्यासे लोग पानी के लिए इधर-उधर भटक रहे थे। एक बूंद पानी भी जहां उम्मीद दिखती वहां वह आस लेकर पहुंच जाते। पानी के लिए विभागीय अधिकारियों और यहां तक कि प्रशासन से भी गुहार लगाई। तब कही तीस मिनट से कम और सप्ताह में एक बार ही पीने का पानी गांव वालों को नसीब होता था।
प्यासा कंठ लेकर दर-दर भटकने वाले लोगों ने आखिर खुद ही समस्या हल करने की ठान ली। मंगलवार से गांव में पानी की समस्या का समाधान हो गया। इसके लिए स्थानीय युवा ही सामने आए। उन्होंने आपसी सहयोग ने पूरे गांव की प्यास को बुझाना दी। अब बुद्धि गांव ही नहीं, सौंथल और नगरोटा के लोगों को भी मनचाहा पानी मिल गया है।
दरअसल, गांव के चार युवाओं ने पानी की समस्या हल करने के लिए गांव के ही लोगों का सहयोग लिया। सभी ने खराब पड़े पुराने हैंडपंप की मरम्मत करने की ठान ली। इस योजना को परवान चढ़ने में ज्यादा समय नहीं लगा। कुछ ही दिनों के भीतर गांववासियों के सहयोग से लगभग पचास हजार रुपये खर्च कर हैंडपंप सही करा लिया गया। यही नहीं इसमें मोटर फिट करवा दी। अब गांव में पानी की कोई कमी नहीं रह गई है।