जम्मू-कश्मीर में पशुओं की तस्करी पर अब पुलिस की तरफ से कड़ी कार्रवाई करने की तैयारी कर ली गई है। खासतौर पर उन तस्करों पर, जो बार-बार पकड़े जा रहे हैं। ऐसे तस्करों के ड्राइविंग लाइसेंस कैंसल करवाने की सिफारिश की गई है। साथ ही हाईकोर्ट से भी सिफारिश की गई है कि तस्करी करने वालों को न सिर्फ जुर्माना करें, बल्कि उनके खिलाफ केस लंबा चलाएं।
एक महीने में नगरोटा पुलिस सब डिवीजन में 700 के करीब पशु पकड़े गए हैं। 100 से ज्यादा गाड़ियां भी पकड़ीं गईं। तीन दर्जन से अधिक पशु तस्कर दबोचे गए हैं। इनमें से 20 गाड़ियां ऐसी हैं, जिनको दो से तीन बार पशु तस्करी में इस्तेमाल किया गया।
साथ ही आधा दर्जन तस्कर ऐसे हैं, जिनको बार-बार पशुओं की तस्करी करते पकड़ा गया। पुलिस की तरफ से आरटीओ जम्मू को इन तस्करों और गाड़ियों के नाम-नंबर दिए गए हैं। कहा गया है कि गाड़ियों के परमिट कैंसल करो, रजिस्ट्रेशन कैंसल करो और तस्करों के ड्राइविंग लाइसेंस कैंसल कर दो।
कोर्ट से भी सिफारिश
पशु तस्करी करने वाले कोर्ट से जमानत लेकर छूट जाते हैं। अपने पशुओं को भी कोर्ट से रिलीज करा लेते हैं। नगरोटा के एसडीपीओ मोहन लाल ने बताया कि पशु तस्करी के दर्ज मामलों में हमने कोर्ट से सिफारिश की है कि ऐसे लोगों को न सिर्फ जुर्माना किया जाए, बल्कि इनके खिलाफ लंबी कार्रवाई की जाए। ताकि ये लोग पशु तस्करी में शामिल न हों। जुर्माना होने के बाद ये दोबारा फिर से तस्करी में लग जाते हैं। उल्लेखनीय है कि पिछले एक महीने में बड़े स्तर पर तस्करी के प्रयास विफल किए गए हैं, लेकिन तस्कर हैं कि सुधरने का नाम नहीं ले रहे।