पर्यटन विकास के लिए प्राइवेट पार्टनर की भी तलाश
उप राज्यपाल ने कहा कि यहां पर्यटन ने रिकॉर्ड तोड़े हैं। यह सब बेहतर कनेक्टिविटी के चलते हो सका है। दरअसल पर्यटन प्राधिकरण व टीआरसी बनाने की सोच गलत है। जब तक प्राइवेट पार्टनर नहीं आएंगे तब तक इस क्षेत्र का विकास होना कठिन है। इस दिशा में भी काम तेजी से चल रहा है। शिवखोड़ी को विकसित करने का काम चल रहा है।
वैष्णो देवी से शिवखोड़ी तक हेलिकॉप्टर सुविधा शुरू करने पर विचार किया जा रहा है। जम्मू के पर्यटन स्थलों को भी विकसित किया जाएगा चाहे इसके लिए अंतरराष्ट्रीय फंडिंग ही क्यों न लेनी पड़े। उन्होंने कहा कि जम्मू कश्मीर में आतंकवाद तथा उसके पारिस्थितिकी तंत्र पर लगातार चोट किया जा रहा है। किसी भी कीमत पर आतंकी तथा उसे आश्रय देने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
उत्पादन घटकर 200 मेगावाट, दूसरे राज्यों से बिजली खरीदकर कराई जा रही उपलब्ध
उप राज्यपाल ने कहा कि यहां की सभी हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट रन फाॅर रिवर के आधार पर चलती हैं। वर्तमान में उत्पादन घटकर 200 मेगावाट पहुंच गया है। कड़ाके की सर्दी में जम्मू और कश्मीर के लोगों को राहत पहुंचाने के लिए मांग के अनुरूप बिजली दूसरे राज्यों से खरीदी जा रही है। कुछ लोग अनावश्यक रूप से बिजली प्रोजेक्ट को लेकर हो हल्ला मचाते हैं। ऐसे लोगों को बोलने का कतई हक नहीं है जिन्होंने बिजली सेक्टर का बेड़ागर्क किया है। कहा कि आजादी से लेकर 2020 तक मात्र 3450 मेगावाट बिजली का उत्पादन शुरू हो पाया है। अब इसमें सुधार किया गया है।