संवेदनशील इलाकों में सीआरपीएफ...
कर्फ्यूग्रस्त इलाकों में पुलिस और दंगा-रोधी उपकरणों से लैस केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के जवान भारी संख्या में तैनात किए गए हैं, जबकि भारत तिब्बत सीमा पुलिस बल (आईटीबीपी) के जवान भी आज सुबह फ्लैग मार्च करते दिखाई दिए। बुधवार को हिंसा में चार लोगों की मौत हो गई थी और कई अन्य घायल हो गए, जबकि दंगों में संलिप्तता के आरोप में 50 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया गया। जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को भी राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (रासुका) के तहत गिरफ्तार कर लिया गया और उन्हें राजस्थान की जोधपुर जेल में रखा गया है।
वांगचुक की पत्नी ने पाकिस्तानी कनेक्शन के आरोपों को नकारा
सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि अंगमो ने उनके खिलाफ लगाए गए पाकिस्तान लिंक और वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों को पूरी तरह खारिज कर दिया। उन्होंने वांगचुक पर हिंसा भड़काने के आरोप को गलत बताते हुए कहा कि वह हमेशा गांधीवादी तरीके से शांतिपूर्ण विरोध करते रहे हैं। अंगमो ने कहा कि 24 सितंबर को सीआरपीएफ की कार्रवाई की वजह से हिंसा भड़की। गीतांजलि ने कहा कि गिरफ्तारी के बाद से सोनम वांगचुक से संपर्क नहीं हो पाया है और अभी तक गिरफ्तारी आदेश की प्रति भी उन्हें नहीं मिली है। वांगचुक की पाकिस्तान यात्रा पेशेवर और जलवायु परिवर्तन के विषय पर थी, न कि किसी संदिग्ध गतिविधि के लिए।